हरियाणा में सब्जियों ने बिगाड़ा रसोई का बजट:मटर-अदरक ₹200 किलो के पार, टमाटर-प्याज के दाम भी दोगुने
हरियाणा में पेट्रोल-डीजल और गैस की महंगाई के बाद अब सब्जियों के बढ़े दाम ने आम आदमी की रसोई का बजट बिगाड़ दिया है। शहर के फुटकर बाजार में मटर के दाम 200 रुपए किलो तक पहुंच गए हैं, जबकि अदरक 200 रुपए से ज्यादा में बिक रहा है। फूलगोभी 100 रुपए, टमाटर 90 रुपए, भिंडी 70 रुपए, प्याज 60 रुपए और बीन्स 80 रुपए किलो तक पहुंच गई हैं।
रोजाना इस्तेमाल होने वाली सब्जियों के दाम बढ़ने से लोग खरीदारी में भी कटौती करने लगे हैं। दुकानदारों का कहना है कि महंगे भाव के कारण ग्राहक पहले के मुकाबले आधी मात्रा में सब्जियां खरीद रहे हैं।
मटर-अदरक ने सबसे ज्यादा जेब की ढीली
सब्जी बाजार में इस समय मटर और अदरक सबसे ज्यादा महंगे हैं। मटर करीब 200 रुपए किलो और अदरक 200 रुपए से अधिक में बिक रहा है। महंगाई का असर यह है कि जिन परिवारों में सब्जियां किलो के हिसाब से खरीदी जाती थीं, वहां अब आधा किलो या जरूरत भर की खरीदारी हो रही है।
लोगों का कहना है कि सब्जी के साथ-साथ रोजमर्रा की दूसरी जरूरतों के खर्च बढ़ने से घर का बजट संभालना मुश्किल हो रहा है।
30 रुपए वाला टमाटर 90 रुपए तक पहुंचा
कुछ समय पहले तक 30 रुपए किलो मिलने वाला टमाटर अब करीब 90 रुपए किलो तक पहुंच गया है। प्याज भी 30 रुपए से बढ़कर करीब 60 रुपए किलो हो गया है। यानी दोनों सब्जियों के दाम करीब दोगुने हो गए हैं। इसी तरह पहले 30 से 40 रुपए किलो मिलने वाली फूलगोभी अब 100 रुपए तक बिक रही है।
भिंडी 70, बीन्स 80, शिमला मिर्च 55, गाजर 50 और करेला 60 रुपए किलो तक पहुंच गया है। नींबू 80 रूपए किलो के पार पहुंच गया है।
आवक होने के बावजूद ग्राहक कम
सब्जी विक्रेता सुरेश ने बताया कि मंडियों में सब्जियों की आवक हो रही है, लेकिन भाव ज्यादा होने के कारण बिक्री प्रभावित हुई है। ग्राहक अब पहले की तरह दो-तीन किलो सब्जी नहीं खरीदते। ज्यादातर लोग आधा या एक किलो से काम चला रहे हैं। कई बार सब्जी बच जाती है और खराब होने से दुकानदार को नुकसान उठाना पड़ता है।
ग्राहक बोले- हर महीने बढ़ रहा खर्च
सब्जी खरीदने पहुंचे राकेश और कमलेश ने बताया कि पेट्रोल-डीजल, गैस और रोजमर्रा की जरूरत की चीजों पर पहले ही ज्यादा खर्च हो रहा है। अब सब्जियों के दाम बढ़ने से रसोई का खर्च और बढ़ गया है। उनका कहना है कि परिवार की आमदनी उसी हिसाब से नहीं बढ़ रही, लेकिन खर्च लगातार बढ़ता जा रहा है। ऐसे में महीने का बजट बनाना और उसे पूरा करना मुश्किल होता जा रहा है।
सब्जी विक्रेताओं की बढ़ी चिंता
दुकानदार सुरेश ने बताया कि मंडियों में सब्जियों की आवक हो रही है, लेकिन महंगे भाव के कारण ग्राहक कम खरीदारी कर रहे हैं। पहले जहां लोग एक साथ कई किलो सब्जी खरीद लेते थे, अब जरूरत के हिसाब से आधा या एक किलो ही खरीद रहे हैं। कई बार सब्जी बच जाने के कारण खराब हो जाती है, जिससे दुकानदारों को नुकसान उठाना पड़ता है।
लोग बोले- घर चलाना मुश्किल
सब्जी खरीदने पहुंचे राकेश , महिला कमलेश ने बताया कि पेट्रोल-डीजल, गैस और रोजमर्रा की दूसरी चीजों के दाम पहले ही बढ़े हुए हैं। अब सब्जियों के दाम बढ़ने से घर का बजट पूरी तरह बिगड़ रहा है। लोगों का कहना है कि हर दिन किसी न किसी चीज के महंगे होने से आम परिवार के लिए घर का खर्च चलाना मुश्किल होता जा रहा है।
