*सेंटर कमांडर की भूमिका भी जांच में सामने आई*

 

मामले की जांच के दौरान साक्ष्य के आधार पर नूंह के सेंटर कमांडर विक्रम की भूमिका भी सामने आई। इसके बाद विक्रम को भी नियमानुसार गिरफ्तार कर लिया गया। मामले में आगे की जांच जारी है।

- *गवाह की मौजूदगी में पारदर्शिता के साथ हुई कार्रवाई*

एसीबी द्वारा यह पूरी कार्रवाई स्वतंत्र गवाह एवं राजपत्रित अधिकारी की मौजूदगी में नियमानुसार एवं पारदर्शी तरीके से की गई। ट्रैप कार्रवाई इंस्पेक्टर जगजीत सिंह, राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, यूनिट भिवानी की टीम द्वारा की गई। कार्रवाई के दौरान श्री राहुल छिल्लर, एक्सईएन, सिंचाई विभाग, भिवानी स्वतंत्र गवाह/राजपत्रित अधिकारी के रूप में मौजूद रहे। ट्रैप कार्रवाई में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023 की धारा 105 के तहत निर्धारित प्रक्रिया का पालन किया गया।

इस संबंध में आरोपी अनिश एवं विक्रम के खिलाफ अभियोग संख्या 43, दिनांक 08.10.2026, धारा 308(2) भारतीय न्याय संहिता (BNS) तथा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 7 एवं 13(1)(b) सहपठित धारा 13(2) के तहत थाना राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, गुरुग्राम में मामला दर्ज किया गया है।

- *भ्रष्टाचार के खिलाफ एसीबी की कार्रवाई जारी*

राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो द्वारा भ्रष्टाचार के खिलाफ लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। एसीबी ने आमजन से अपील की है कि यदि कोई सरकारी अधिकारी या कर्मचारी किसी सरकारी कार्य के बदले रिश्वत की मांग करता है, तो इसकी सूचना तुरंत टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1064, कंट्रोल रूम नंबर 1800-180-2022 तथा व्हाट्सऐप नंबर 94178-91064 पर दी जा सकती है। इसके अलावा ‘सतर्क-हरियाणा’ मोबाइल ऐप के माध्यम से भी भ्रष्टाचार संबंधी शिकायत दर्ज कराई जा सकती है|एसीबी ने कहा कि भ्रष्टाचार के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई के लिए आमजन की जागरूकता एवं सहयोग अत्यंत महत्वपूर्ण है।