कौशल आधारित शिक्षा से विद्यार्थियों में विकसित होगी उद्यमशीलता की भावना : मनजीत मलिक
जे.पी. इंटरनेशनल स्कूल में कुशल बिजनेस चैलेंज 3.0 के तहत सरकारी स्कूलों के प्राचार्यों का एक दिवसीय अभिमुखीकरण कार्यक्रम आयोजित
विद्यार्थियों को नौकरी मांगने वाला नहीं, बल्कि नौकरी देने वाला बनाने पर जोर
रोहतक,
विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक एवं कौशल आधारित शिक्षा प्रदान करना समय की आवश्यकता है। कुशल बिजनेस चैलेंज 3.0 (KBC 3.0) के माध्यम से विद्यार्थियों में उद्यमशीलता की सोच विकसित करने और उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करने में मदद मिलेगी। यह बात जिला शिक्षा अधिकारी श्रीमती मनजीत मलिक ने जे.पी. इंटरनेशनल स्कूल, रोहतक में आयोजित एक दिवसीय अभिमुखीकरण कार्यक्रम के दौरान कही।
सरकारी विद्यालयों के प्राचार्यों एवं उच्च विद्यालयों के मुख्य अध्यापकों के लिए आयोजित इस कार्यक्रम में जिला शिक्षा अधिकारी श्रीमती मनजीत मलिक मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। कार्यक्रम में जिला परियोजना समन्वयक (डीपीसी) श्रीमती सुमन हुड्डा, एपीसी मनोज सुहाग, एपीसी राजेश मलिक, डीएमएस दीपक अरोड़ा, डीआरपी सागर, KBC 3.0 कोऑर्डिनेटर साहिल तथा सभी ब्लॉकों के खंड शिक्षा अधिकारी (बीईओ) भी मौजूद रहे।
जिला शिक्षा अधिकारी श्रीमती मनजीत मलिक ने अपने संबोधन में कहा कि विद्यार्थियों में बिजनेस माइंडसेट विकसित करना भविष्य की जरूरत है। KBC 3.0 के माध्यम से बच्चों को नए विचारों के साथ आगे बढ़ने, व्यावसायिक अवसरों को समझने तथा उद्यमशीलता की दिशा में सोचने का अवसर मिलेगा। उन्होंने प्राचार्यों से आह्वान किया कि वे इस कार्यक्रम को अपने विद्यालयों में प्रभावी ढंग से लागू करवाएं।
डीपीसी श्रीमती सुमन हुड्डा ने कहा कि कुशल बिजनेस चैलेंज कार्यक्रम भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। इसके माध्यम से विद्यार्थियों में आत्मनिर्भरता, रचनात्मकता और व्यवसाय शुरू करने की क्षमता विकसित होगी। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल नौकरी पाने के योग्य बनाना नहीं, बल्कि उन्हें भविष्य में रोजगार के अवसर पैदा करने वाला बनाना भी है।
कार्यक्रम के दौरान प्राचार्यों को KBC 3.0 की विस्तृत रूपरेखा, विद्यालयों की समय-सारणी में कार्यक्रम के समावेश तथा कक्षा 9वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों में बिजनेस माइंडसेट विकसित करने के विभिन्न तरीकों की जानकारी दी गई। मास्टर ट्रेनर्स ने कार्यक्रम के क्रियान्वयन से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से प्रशिक्षण दिया और प्राचार्यों की जिज्ञासाओं का समाधान किया।
इस अवसर पर मास्टर ट्रेनर्स विमल कुमार, नरेंद्र कुमार, सिद्धराज, राहुल एवं रामरतन ने सक्रिय भूमिका निभाई। कार्यक्रम का मंच संचालन श्रीमती पूजा शर्मा एवं श्री विनोद ने किया।
कार्यक्रम के समापन पर सभी प्राचार्यों एवं मुख्य अध्यापकों ने अपने-अपने विद्यालयों में KBC 3.0 को प्रभावी एवं सफलतापूर्वक लागू करने का संकल्प लिया, ताकि विद्यार्थियों को कौशल आधारित शिक्षा के माध्यम से आत्मनिर्भर एवं उद्यमशील बनाया जा सके।
