आरडब्ल्यूए प्रतिनिधियों और फैसिलिटी मैनेजरों को प्रदूषण नियंत्रण उपायों के पालन की दी जानकारी
डीजी सेट संचालन, ग्रैप नियमों और एसटीपी मानकों को लेकर एचएसपीसीबी ने किया जागरूक
गुरुग्राम,
- हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (एचएसपीसीबी) की ओर से गुरुग्राम में आरडब्ल्यूए प्रतिनिधियों और फैसिलिटी मैनेजरों के साथ जागरूकता एवं अनुपालन बैठक आयोजित की गई। बैठक में सीएक्यूएम के निर्देश संख्या 76, ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रैप) के प्रावधानों तथा सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) के संचालन संबंधी मानकों पर जानकारी दी गई।
बैठक में असिस्टेंट एग्जीक्यूटिव इंजीनियर कामेश ने बताया कि बिजली कटौती के दौरान निर्धारित मानकों का पालन नहीं करने वाले डीजल जनरेटर सेट का सामान्य घरेलू या व्यावसायिक बिजली आपूर्ति के लिए संचालन नहीं किया जाना चाहिए। जनरेटर सेट की निर्धारित क्षमता के अनुसार उनमें सीपीसीबी से अनुमोदित रेट्रोफिटेड एमिशन कंट्रोल डिवाइस (आरईसीडी) लगाना या उन्हें ड्यूल-फ्यूल मोड में परिवर्तित करना आवश्यक है। डीजी सेट का संचालन केवल लिफ्ट और आपातकालीन जल पंप जैसी आवश्यक सेवाओं के लिए निर्धारित प्रावधानों के अनुसार किया जाना चाहिए।
उन्होंने बताया कि परिसरों में ग्रैप के प्रावधानों का पालन करना भी आवश्यक है। इसके तहत धूल के फैलाव को नियंत्रित करने, खुले में कचरा या अन्य सामग्री जलाने पर रोक लगाने तथा निर्माण से निकलने वाले कचरे का उचित प्रबंधन करने पर ध्यान दिया गया।
बैठक में एसटीपी के नियमित संचालन और रखरखाव के महत्व के बारे में भी जानकारी दी गई। सभी परिसरों में एसटीपी को चौबीसों घंटे संचालित रखने तथा बिना उपचारित किए गए सीवेज को सार्वजनिक नालों में नहीं छोड़ने की आवश्यकता बताई गई। एसटीपी से उपचारित पानी का उपयोग बागवानी और शौचालयों में फ्लशिंग जैसे कार्यों के लिए करने की सलाह दी गई, ताकि पानी का पुनः उपयोग सुनिश्चित किया जा सके।
