समाधान शिविरों में आई 3,672 शिकायतों में से 1,934 का निस्तारण, लंबित मामलों को जल्द निपटाने के निर्देश
हिसार, 09 अक्टूबर।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने समाधान शिविरों में प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की प्रगति को लेकर शुक्रवार को प्रदेश के सभी जिलों के उपायुक्तों और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान, लंबित शिकायतों की स्थिति और अधिकारियों की जवाबदेही को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि समाधान शिविरों में आने वाली शिकायतों का निर्धारित समय सीमा में निस्तारण सुनिश्चित किया जाए और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री ने सभी उपायुक्तों को निर्देश दिए कि लंबित शिकायतों की नियमित समीक्षा की जाए तथा निर्धारित समय सीमा में उनका निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। बैठक में अवगत करवाया गया कि हिसार जिले में गत दो सालों में समाधान शिविरों के माध्यम से कुल 3,672 शिकायतें प्राप्त हुईं। इनमें से 1,934 शिकायतों का निस्तारण किया जा चुका है, जबकि अव्यवहारिक तथा नियमों के दायरे में न आने वाली 1,499 शिकायतें अस्वीकृत की गई हैं। वर्तमान में 239 शिकायतें लंबित एवं पुन: खोली गई श्रेणी में हैं, जो कुल शिकायतों का लगभग 7 प्रतिशत है।
उपायुक्त महेंद्र पाल ने लंबित शिकायतों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि 65 पुरानी शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण करना सुनिश्चित किया जाए। इसके अलावा प्रॉपर्टी आईडी, फैमिली आईडी और स्थानीय निकायों से संबंधित लंबित मामलों को जल्द से जल्द निपटाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शिकायतों के समाधान में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए और प्रत्येक मामले में नियमानुसार कार्रवाई करते हुए शिकायतकर्ता को राहत प्रदान की जाए। उन्होंने कहा कि प्रशासन की जवाबदेही जनता के प्रति है और अधिकारियों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि किसी भी नागरिक को अपनी समस्या के समाधान के लिए बार-बार कार्यालयों के चक्कर न काटने पड़ें। उन्होंने कड़े शब्दों में कहा कि यदि किसी अधिकारी की लापरवाही के कारण शिकायतों के निस्तारण में देरी होती है, तो उसके खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उपायुक्त ने कहा कि जिन शिकायतों के समाधान में अड़चनें आ रही हैं, उन्हें संबंधित विभाग आपसी समन्वय से दूर करें। इसके साथ ही शिकायतों के निस्तारण के बाद पोर्टल पर उचित कार्रवाई का विवरण और शिकायतकर्ता का फीडबैक भी अपलोड किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शिकायतों की स्थिति और निस्तारण की प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखी जाए तथा प्रत्येक शिकायत पर गंभीरता से कार्रवाई की जाए।
उपायुक्त ने जिले के नागरिकों से आह्वान करते हुए कहा कि वे समस्याओं के समाधान के लिए जिला मुख्यालय स्थित लघु सचिवालय और उपमंडल स्तर पर सोमवार व वीरवार को सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक आयोजित किए जा रहे समाधान शिविर में अपनी समस्या का समाधान करवा सकते हैं। उन्होंने कहा कि शिविरों की प्रगति की नियमित निगरानी की जा रही है, ताकि शिकायतों का समयबद्ध निस्तारण हो सके और आमजन को सरकारी सेवाओं का लाभ लेने में किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त सी जयाश्रद्घा, अतिरिक्त उपायुक्त शालिनी चेतल, एसीयूटी विवेक यादव, हिसार एसडीएम ज्योति मित्तल, बरवाला एसडीएम अश्वीर नैन, नगराधीश रोहित कुमार, आरटीए सचिव संजय बिश्नोई, सीएमजीजीए अमोल, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी नरेंद्र कुमार, नगर निगम अतिरिक्त आयुक्त प्रदीप कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
