गुरुग्राम में धूमधाम से मनाई जा रही जन्माष्टमी:इस्कॉन मंदिरों में उमड़ा रहा आस्था का सैलाब
गुरुग्राम में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का त्योहार पारंपरिक श्रद्धा के साथ मनाया जा रहा है। श्रीकृष्ण जन्मोत्सव को लेकर श्रद्धालुओं में भारी उत्साह देखने को मिल रहा है। शहर के सभी छोटे-बड़े मंदिरों को रंग-बिरंगी लाइटों, खूबसूरत फूलों और भव्य झांकियों से दुल्हन की तरह सजाया गया है।
भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप 'लड्डू गोपाल' के दर्शन पाने के लिए रात से ही मंदिरों में श्रद्धालुओं का पहुंचना शुरू हो गया था, जो सुबह होते-होते जनसैलाब में बदल गया। 'हाथी घोड़ा पालकी, जय कन्हैया लाल की' और 'हरे कृष्णा हरे रामा' के भजनों से पूरा शहर गुंज रहा है।
शहर के सबसे प्रमुख और भव्य बादशाहपुर स्थित इस्कॉन टेम्पल में अलसुबह से ही लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। यहां भगवान राधा-कृष्ण का विशेष श्रृंगार किया गया है और दूर-दूर से लोग दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं। भारी भीड़ और सुरक्षा संवेदनशीलता के मद्देनजर पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आ रहा है।
शहर के मंदिरों में भव्य सजावट और विशेष झांकियां
बादशाहपुर के इस्कॉन मंदिर, सदर बाजार स्थित सिद्धेश्वर मंदिर, प्रेम मंदिर, गीता भवन, और पालम विहार सहित विभिन्न सोसायटियों के मंदिरों को भी भव्य तरीके से सजाया गया है। कई जगहों पर मध्यरात्रि को होने वाले मुख्य जन्मोत्सव और महाआरती के लिए विशेष तैयारियां की गई है।
डिजिटल और सजीव झांकियां:
इस बार कई बड़े मंदिरों में भगवान कृष्ण के जन्म से लेकर कंस वध और माखन चोरी की लीलाओं को दर्शाने वाली सजीव और डिजिटल झांकियां सजाई गई हैं, जो बच्चों और बड़ों के आकर्षण का मुख्य केंद्र बनी हुई हैं। इस्कॉन मंदिरों की प्रबंधन समितियों द्वारा व्रत रखने वाले श्रद्धालुओं के लिए विशेष फलाहारी प्रसाद और पंचामृत की व्यवस्था की गई है।
मंदिरों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी
सुरक्षा और यातायात व्यवस्था सुचारू रूप से चलती रहे, इसके लिए खुद पुलिस के आला अधिकारी मैदान में उतरे हैं। बादशाहपुर इस्कॉन टेम्पल में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने खुद स्थानीय थाना प्रभारी राजेश बागड़ी पुलिस बल के साथ पहुंचे।
उन्होंने रात और अलसुबह राजेश बागड़ी ने पूरे मंदिर परिसर, प्रवेश और निकास द्वारों का बारीकी से निरीक्षण किया। साथ ही ड्यूटी पर तैनात सुरक्षाकर्मियों और पुलिस बल को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए और कहा कि श्रद्धालुओं को दर्शन करने में कोई असुविधा नहीं होनी चाहिए और संदिग्ध गतिविधियों पर पैनी नजर रखी जाए।
ट्रैफिक को लेकर एडवाइजरी
मंदिरों के आसपास भारी भीड़ की वजह से जाम की स्थिति बन सकती है, इसलिए ट्रैफिक पुलिस ने भी प्रमुख मार्गों पर रूट डायवर्जन किया है। इस्कॉन मंदिर और अन्य व्यस्त इलाकों की तरफ जाने वाले रास्तों पर अतिरिक्त बैरिकेडिंग की गई है। पुलिस प्रशासन ने साफ किया है कि सुरक्षा के लिहाज से चप्पे-चप्पे पर सीसीटीवी कैमरों और सादे कपड़ों में पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है ताकि महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग बिना किसी परेशानी के सुरक्षित माहौल में त्योहार का आनंद ले सकें।
