गांव-गांव में लगेंगे एचआईवी जागरूकता कैंप, ईंट-भट्ठों पर काम करने वाले मजदूरों को भी किया जाएगा जागरूक

 
 गांव-गांव में लगेंगे एचआईवी जागरूकता कैंप, ईंट-भट्ठों पर काम करने वाले मजदूरों को भी किया जाएगा जागरूक


हेल्पलाइन नंबर 1097 का होगा व्यापक प्रचार-प्रसार, हॉट स्पॉट क्षेत्रों में जांच और परामर्श की मिलेगी सुविधा
हिसार, 09 अक्टूबर।
 जिले में एचआईवी संक्रमण की रोकथाम और आमजन को जागरूक करने के लिए प्रशासन की ओर से गांव-गांव में विशेष जागरूकता कैंप लगाए जाएंगे। इन कैंपों के माध्यम से लोगों को एचआईवी संक्रमण के कारणों, बचाव के उपायों और समय पर जांच करवाने के महत्व के बारे में जानकारी दी जाएगी। इस संबंध में अतिरिक्त उपायुक्त शालिनी चेतल की अध्यक्षता में शुक्रवार को समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें अभियान की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
अतिरिक्त उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि एचआईवी को लेकर समाज में फैली भ्रांतियों और गलत धारणाओं को दूर करने के लिए व्यापक स्तर पर जागरूकता अभियान चलाया जाए। उन्होंने जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी को निर्देश दिए कि ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष जागरूकता कैंप आयोजित कर ईंट- भट्ठों  पर काम करने वाले मजदूरों सहित अन्य संवेदनशील वर्गों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए, ताकि जरूरतमंद लोगों तक सही जानकारी और स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ पहुंच सके। उन्होंने कहा कि जागरूकता अभियान को प्रभावी बनाने के लिए एनजीओ का सहयोग भी लिया जाएगा। जिले के सभी प्रशासनिक कार्यालयों और सार्वजनिक स्थानों पर बैनर एवं होर्डिंग लगाकर लोगों को एचआईवी संक्रमण से बचाव के प्रति जागरूक किया जाएगा। इसके साथ ही नगर निकायों और सफाई कर्मचारियों से जुड़ी एजेंसियों को भी अभियान में शामिल किया जाएगा, ताकि शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में अधिक से अधिक लोगों तक जागरूकता संदेश पहुंचाया जा सके।
अतिरिक्त उपायुक्त शालिनी चेतल ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि एचआईवी संबंधी जानकारी और सहायता के लिए हेल्पलाइन नंबर 1097 का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए। निजी स्वास्थ्य क्षेत्र और चिकित्सा संस्थानों को भी इस अभियान से जोड़ा जाए, ताकि जागरूकता के साथ-साथ लोगों को आवश्यक स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी मिल सके। उन्होंने हॉट स्पॉट के रूप में चिह्नित क्षेत्रों में विशेष कैंप आयोजित कर जांच और परामर्श की सुविधा उपलब्ध करवाने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि एचआईवी संक्रमण की रोकथाम के लिए जागरूकता, सही जानकारी और समय पर जांच बेहद महत्वपूर्ण हैं। इसलिए संबंधित विभाग आपसी समन्वय से अभियान को प्रभावी ढंग से लागू करें और यह सुनिश्चित करें कि जिले के शहरी एवं ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में समान रूप से जागरूकता गतिविधियां संचालित हों।
बैठक में जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी नरेंद्र कुमार, सिविल सर्जन डॉ सपना गहलावत, एनजीओ के प्रतिनिधि एवं सहभागी कार्यकर्ता सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।