पेंशन, बिजली ट्रांसफार्मर और नए कनेक्शन के बदले रिश्वत मांगने के तीन मामलों में एसीबी ने अदालत में चालान किए पेश

 
पेंशन, बिजली ट्रांसफार्मर और नए कनेक्शन के बदले रिश्वत मांगने के तीन मामलों में एसीबी ने अदालत में चालान किए पेश

नूंह में तीन अलग-अलग भ्रष्टाचार मामलों में जिला समाज कल्याण विभाग के सेवादार, बिजली निगम के फोरमैन और लाइनमैन के खिलाफ चार्जशीट दाखिल

एसीबी गुरुग्राम ने 9 हजार, 20 हजार और 20 हजार रुपये रिश्वत से जुड़े मामलों में न्यायालय में की कार्रवाई

चंडीगढ़/नूंह, 21 अक्टूबर 2026।

राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी), गुरुग्राम ने भ्रष्टाचार के तीन अलग-अलग मामलों में कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए जिला समाज कल्याण विभाग, नूंह के सेवादार मुकेश कुमार, बिजली निगम के फोरमैन शौकत तथा लाइनमैन राकेश के खिलाफ माननीय न्यायालय में चालान (आरोपपत्र) पेश किए हैं। इन मामलों में आरोपियों पर वृद्धावस्था पेंशन बनवाने, बिजली ट्रांसफार्मर लगवाने और नया बिजली कनेक्शन जारी करवाने के एवज में रिश्वत मांगने के आरोप हैं।

पहला मामला: वृद्धावस्था पेंशन बनवाने के बदले 9 हजार रुपये रिश्वत

जिला समाज कल्याण विभाग, नूंह में तैनात ग्रुप-डी सेवादार मुकेश कुमार पर शिकायतकर्ता और उसके एक परिचित की वृद्धावस्था पेंशन बनवाने के एवज में 9,000 रुपये रिश्वत मांगने का आरोप है। शिकायत के आधार पर एसीबी की टीम ने कार्रवाई करते हुए आरोपी मुकेश कुमार को शिकायतकर्ता से 9,000 रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया था। इस संबंध में अभियोग संख्या 32, दिनांक 25 अगस्त 2026, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 के तहत थाना राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, गुरुग्राम में मामला दर्ज किया गया था। अब आरोपी मुकेश कुमार के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7, धारा 13(1)(बी) सहपठित धारा 13(2) तथा भारतीय न्याय संहिता की धारा 308(2) के तहत चालान श्री संदीप चौहान, अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, नूंह की अदालत में पेश किया गया है।

दूसरा मामला: 25 हॉर्स पावर का ट्रांसफार्मर लगवाने के बदले 15 हजार रुपये रिश्वत

बिजली निगम के सब-डिवीजन नगीना, जिला नूंह में तैनात फोरमैन शौकत पर शिकायतकर्ता लियाकत से 25 हॉर्स पावर का बिजली ट्रांसफार्मर लगवाने के एवज में 15,000 रुपये रिश्वत मांगने का आरोप है। शिकायतकर्ता के अनुसार, गांव बवाड़ीवास में बिजली का ट्रांसफार्मर खराब होने के कारण उसे बदलवाने के लिए वह सब-डिवीजन नगीना में तैनात फोरमैन शौकत से मिला था। आरोप है कि ट्रांसफार्मर लगवाने के बदले उससे 15,000 रुपये रिश्वत की मांग की गई। शिकायतकर्ता के पास 14,000 रुपये की ही व्यवस्था हो पाई थी।इस मामले में अभियोग संख्या 33, दिनांक 25 अगस्त 2026, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 तथा भारतीय न्याय संहिता की धारा 308(2) के तहत मामला दर्ज किया गया था। अब आरोपी शौकत के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7, धारा 13(1)(बी) सहपठित धारा 13(2) तथा भारतीय न्याय संहिता की धारा 308(2) के तहत चालान श्री संदीप चौहान, अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, नूंह की अदालत में पेश किया गया है।

तीसरा मामला: नए बिजली कनेक्शन के बदले 50 हजार रुपये रिश्वत मांगने का आरोप

बिजली निगम के एचकेआरएनएल सब-डिवीजन ताउड़ू, जिला नूंह में तैनात लाइनमैन राकेश पर शिकायतकर्ता से उसके बेटे शाहिद के नाम पर नए बिजली कनेक्शन के बदले रिश्वत मांगने का आरोप है। शिकायतकर्ता ने अपने बेटे के नाम पर छह किलोवाट का बिजली कनेक्शन लेने के लिए ऑनलाइन आवेदन किया था और निर्धारित सरकारी शुल्क भी जमा कर दिया था। आरोप है कि बिजली निगम के सब-डिवीजन ताउड़ू में तैनात लाइनमैन राकेश और जुनैद ने कनेक्शन लगाने के एवज में 50,000 रुपये रिश्वत की मांग की। शिकायतकर्ता के पास 20,000 रुपये की ही व्यवस्था हो पाई थी। शिकायत पर कार्रवाई करते हुए एसीबी, उपकेंद्र नूंह की टीम ने आरोपी राकेश को 20,000 रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया था। इस संबंध में अभियोग संख्या 36, दिनांक 27 अगस्त 2026, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 तथा भारतीय न्याय संहिता की धारा 308(2) के तहत थाना राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, गुरुग्राम में मामला दर्ज किया गया था। अब आरोपी राकेश के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7, धारा 13(1)(बी) सहपठित धारा 13(2) तथा भारतीय न्याय संहिता की धारा 308(2) के तहत चालान श्री राहुल बिश्नोई, अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश, नूंह की अदालत में पेश किया गया है।

भ्रष्टाचार के मामलों में कानूनी कार्रवाई जारी, एसीबी की अपील—रिश्वत मांगे जाने पर तुरंत शिकायत करें

राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो द्वारा भ्रष्टाचार के मामलों में जांच और नियमानुसार कानूनी कार्रवाई लगातार की जा रही है। इन तीनों मामलों में चालान पेश करना जांच के बाद की गई कानूनी कार्रवाई का हिस्सा है। ब्यूरो का उद्देश्य सरकारी व्यवस्था में पारदर्शिता एवं जवाबदेही सुनिश्चित करना और भ्रष्टाचार में संलिप्त व्यक्तियों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई करना है। एसीबी ने आमजन से अपील की है कि यदि कोई सरकारी अधिकारी या कर्मचारी किसी सरकारी कार्य के बदले रिश्वत की मांग करता है, तो इसकी सूचना तुरंत ब्यूरो को दें। भ्रष्टाचार संबंधी शिकायत टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1064 अथवा 1800-180-2022 पर दी जा सकती है। नागरिक सतर्क-हरियाणा’ मोबाइल ऐप के माध्यम से भी शिकायत दर्ज कर सकते हैं और फोटो, वीडियो या ऑडियो जैसे साक्ष्य साझा कर सकते हैं।