EPFO खातों से आपके बैंक अकाउंट में सीधे आएंगे 1000 रुपए, जानें कैसे?
वापस मिलेगा पैसा
सरकार की योजना के अनुसार, जिन बंद खातों में 1,000 रुपये या उससे कम की राशि जमा है, उन्हें ऑटोमैटिक रिफंड किया जाएगा। इस प्रक्रिया के मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं
7.11 लाख खातों का होगा निपटारा: लगभग 30.52 करोड़ रुपये की लावारिस राशि को सीधे सदस्यों के आधार-लिंक्ड बैंक खातों में ट्रांसफर किया जाएगा।
कोई फॉर्म भरने की जरूरत नहीं: खाताधारकों को इसके लिए न तो ईपीएफओ कार्यालय जाने की जरूरत है और न ही कोई ऑनलाइन आवेदन करना होगा।
नॉमिनी को भी लाभ: यदि मूल खाताधारक की मृत्यु हो चुकी है, तो यह राशि उनके पंजीकृत नॉमिनी या कानूनी उत्तराधिकारी को सौंपी जाएगी।
जानें क्या होता है इनऑपरेटिव खाता?
नियमों के अनुसार, यदि किसी EPFO खाते में लगातार 36 महीनों तक Employer की ओर से कोई अंशदान जमा नहीं किया जाता है, तो उस खाते को 'इनऑपरेटिव' की श्रेणी में डाल दिया जाता है। अक्सर नौकरी बदलने या सेवानिवृत्ति के बाद जानकारी के अभाव में लोग इन छोटे बैलेंस वाले खातों को भूल जाते हैं।
EPFO 3.0' लॉन्च करने की योजना
आपको बता दें कि वर्तमान में कुल 31.86 लाख निष्क्रिय खातों में करीब 10,903 करोड़ रुपये जमा हैं। 1,000 रुपये वाले खातों से शुरू हुआ यह अभियान भविष्य में बड़े खातों की समीक्षा तक विस्तृत होगा। इसके अलावा अगले वित्त वर्ष से 'EPFO 3.0' लॉन्च करने की योजना है, जिसके तहत कोर बैंकिंग सिस्टम (CBS) सेवाओं को पूरी तरह डिजिटल बनाया जाएगा। इसके अलावा क्लेम निपटान की अवधि को वर्तमान 20 दिनों से घटाकर मात्र 3 दिन से कम करने का लक्ष्य रखा गया है।
