आगामी 21 अप्रैल को मनाया जाएगा राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस

 
आगामी 21 अप्रैल को मनाया जाएगा राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस

झज्जर, 17 अप्रैल।  राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस और मलेरिया उन्मूलन अभियान को सफल बनाने के उद्देश्य से शुक्रवार को लघु सचिवालय स्थित सभागार में डीसी स्वप्निल रविंद्र पाटिल के निर्देशानुसार बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता एडीसी जगनिवास ने की।


 सिविल सर्जन डॉ. मंजू कादयान ने बैठक में स्वास्थ्य विभाग से जुड़े कार्यक्रमों की जानकारी दी।

आगामी 21 अप्रैल को मनाया जाएगा राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस
 एडीसी जगनिवास ने कहा कि 21 अप्रैल  को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस मनाया जाएगा, जिसके तहत जिले भर में 1 से 19 वर्ष तक के लगभग तीन लाख से अधिक बच्चों एवं किशोर-किशोरियों को पेट के कीड़ों से बचाव के लिए एल्बेंडाजोल की दवा खिलाई जाएगी। जो बच्चे इस दिन छूट जाएंगे, उन्हें 5 मई को मॉप-अप दिवस पर दवा दी जाएगी। यह दवा सरकारी व निजी स्कूलों, आंगनबाड़ी केंद्रों, कॉलेजों एवं अन्य शिक्षण संस्थानों में दी जाएगी।


उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि सभी विभागों के सहयोग से  कार्यक्रम का सुचारू रूप से संचालन सुनिश्चित किया जाए। यह स्वास्थ्य से जुड़े विषय है, इस मामले में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


उन्होंने जिला मलेरिया क्रियान्वयन समिति बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि जिला को वर्ष 2030 तक मलेरिया मुक्त बनाने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग द्वारा सजगता से कार्य किए जा रहे हैं। उन्होंने संबंधित विभागों से मलेरिया व डेंगू की रोकथाम हेतु सक्रिय सहयोग  का आह्वान किया ।


एडीसी जगनिवास ने पंचायती राज एवं नगर निकाय विभाग को सभी फॉगिंग मशीनों को दुरुस्त रखने तथा स्वास्थ्य विभाग द्वारा  डेंगू या मलेरिया रोकथाम को लेकर प्रभावित क्षेत्र में फॉगिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही इंडियन मेडिकल एसोसिएशन को डेंगू की जांच एलाइजा टेस्ट अधिकतम 600 रुपये में करने तथा सभी आयुष व निजी स्वास्थ्य संस्थानों को बुखार के मामलों की रिपोर्ट भारत सरकार के आईएचआईपी-आइडीएसपी पोर्टल पर प्रतिदिन अपलोड करने के निर्देश दिए गए।


 डॉ मंजू कादयान ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा सर्वाइकल कैंसर जैसी घातक बीमारी की रोकथाम के लिए फ्री एचपीवी वैक्सीनेशन  अभियान चलाया जा रहा है  जिसके तहत 14 साल की लड़कियों को मुफ्त में गार्डसिल का टीका दिया जा रहा हैं। अब तक जिले में 84 एचपीवी वैक्सीनेशन किया जा चुका है।


उन्होंने कहा कि  इस अभियान का मुख्य मकसद लड़कियों तक इस वैक्सीनेशन को बड़े लेवल पर पहुंचाना और महिलाओं को प्रभावित करने वाले सबसे आम कैंसरों में से एक सर्वाइकल कैंसर के खिलाफ भारत की लड़ाई को मजबूत करना है।


इस दौरान सिविल सर्जन डॉ. मंजू कादयान ने भी सभी विभागों से आपसी समन्वय के साथ अभियान को सफल बनाने की अपील की।


इन विभागों के अधिकारी रहे मौजूद


इस अवसर पर डिप्टी सिविल सर्जन डॉ ममता, जिला मलेरिया अधिकारी डॉ कुलदीप सिंह,आयुष अधिकारी डॉ पवन, जनस्वास्थ्य अभियंत्री कार्यकारी अभियंता राजेश कौशिक, डीईईओ राजबाला मलिक, डीपीओ सपना, काउंसलर संदीप जांगड़ा, दीपक कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।