सड़क, ड्रेनेज, सफाई और पेयजल व्यवस्थाओं को लेकर अधिकारियों को दिए निर्देश
चंडीगढ़, 4 मई- हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह ने सोमवार को गुरुग्राम स्थित लोक निर्माण विभाग विश्राम गृह में जीएमडीए और नगर निगम गुरुग्राम के अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। इस बैठक में शहर की मूलभूत सुविधाओं जैसे सफाई, ड्रेनेज, सड़क एवं इंफ्रास्ट्रक्चर और पेयजल आपूर्ति की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में जीएमडीए के मुख्य कार्यकारी अधिकारी पीसी मीणा व निगमायुक्त प्रदीप दहिया सहित दोनों विभागों के अधिकारीगण उपस्थित थे।
बैठक में मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि गुरुग्राम में विकास कार्यों की गति तेज की जाए और आम जनता को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। उन्होंने विशेष रूप से मानसून से पहले जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान पर जोर दिया।
जलभराव से निपटने के लिए पुख्ता तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश
कैबिनेट मंत्री राव नरबीर सिंह ने ड्रेनेज व्यवस्था की समीक्षा करते हुए कहा कि सभी प्रमुख नालों की सफाई, डी-सिल्टिंग और नेटवर्क को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए ताकि बारिश के दौरान जलभराव की समस्या उत्पन्न न हो। अधिकारियों ने जानकारी दी कि शहर में मास्टर ड्रेनेज नेटवर्क के तहत तीन प्रमुख ड्रेन कार्यरत हैं और अधिकांश क्षेत्रों में काम तेजी से चल रहा है। कई महत्वपूर्ण परियोजनाएं जैसे सेक्टर 68-75 और 112-115 में ड्रेनेज सिस्टम का निर्माण प्रगति पर है। इसके अलावा, शहर में जलभराव वाले चिन्हित स्थानों की संख्या में पिछले वर्षों की तुलना में उल्लेखनीय कमी आई है, जो प्रशासनिक प्रयासों का सकारात्मक परिणाम है।
सड़क और इंफ्रास्ट्रक्चर कार्यों में तेजी लाने के निर्देश
बैठक में सड़कों के निर्माण एवं मरम्मत कार्यों की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि जीएमडीए क्षेत्र में लगभग 447 करोड़ रुपए के सड़क संबंधी कार्य चल रहे हैं, जबकि 1271 करोड़ रुपए के कार्य अलॉटमेंट की प्रक्रिया में हैं। इसके अतिरिक्त 1870 करोड़ रुपए के कई नए प्रोजेक्ट स्वीकृति और योजना चरण में हैं। मंत्री ने निर्देश दिए कि सभी चल रहे प्रोजेक्ट्स को निर्धारित समय सीमा में पूरा किया जाए, खासकर द्वारका एक्सप्रेसवे के साथ सर्विस रोड, सेक्टर डिवाइडिंग रोड्स और मास्टर रोड्स के कार्यों को प्राथमिकता दी जाए।
सफाई व्यवस्था और कचरा प्रबंधन पर विशेष फोकस
सफाई व्यवस्था की समीक्षा करते हुए राव ने कहा कि शहर में स्वच्छता बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। नगर निगम द्वारा डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण, रोड स्वीपिंग और कचरा निस्तारण के लिए किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी गई। बताया गया कि शहर में 400 वाहनों के माध्यम से डोर-टू-डोर कलेक्शन किया जा रहा है और मैकेनाइज्ड रोड स्वीपिंग मशीनों के जरिए प्रतिदिन लगभग 540 किलोमीटर सड़कों की सफाई की जा रही है। मंत्री ने निर्देश दिए कि कचरा निस्तारण में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाए।
पेयजल आपूर्ति व्यवस्था को और सुदृढ़ करने पर जोर
बैठक में पेयजल आपूर्ति की स्थिति की समीक्षा करते हुए बताया गया कि गुरुग्राम में जीएमडीए की कुल जल शोधन क्षमता 670 एमएलडी है, जिसमें से वर्तमान में नगर निगम द्वारा लगभग 455 एमएलडी जल आपूर्ति की जा रही है। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि गर्मी के मौसम में पानी की कमी न हो, इसके लिए वैकल्पिक व्यवस्थाएं और निगरानी तंत्र मजबूत किया जाए।
जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करें
बैठक के अंत में उद्योग मंत्री राव नरबीर सिंह ने स्पष्ट निर्देश दिए कि पूरे गुरुग्राम में लंबित विकास कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को फील्ड में सक्रिय रहकर कार्यों की निगरानी करनी चाहिए और जनता की शिकायतों का त्वरित समाधान सुनिश्चित करना चाहिए, ताकि गुरुग्राम को एक बेहतर और सुव्यवस्थित शहर बनाया जा सके।
