बेटियों की शिक्षा, सामाजिक सेवा और हरियाणवी संस्कृति के संरक्षण में संस्थाओं की भूमिका अहम : विकास एवं पंचायत मंत्री कृष्ण लाल पंवार

 
बेटियों की शिक्षा, सामाजिक सेवा और हरियाणवी संस्कृति के संरक्षण में संस्थाओं की भूमिका अहम:- विकास एवं पंचायत मंत्री कृष्ण लाल पंवार

बेटियों की शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं को बढ़ावा दे रही सरकार

हरियाणवी संस्कृति और लोक कलाकारों को प्रोत्साहन

पर्यावरण संरक्षण के लिए सामूहिक भागीदारी जरूरी

स्वयं सहायता समूहों और गौशालाओं को मिलेगा बढ़ावा

जरूरतमंद बच्चों की शिक्षा में सहयोग करने का आह्वान

विलक्षणा सारथी संस्था के सम्मान समारोह में ग्रामीण विकास एवं पंचायत मंत्री ने की शिरकत, लोक कलाकारों व संस्था को आर्थिक सहायता देने की घोषणा

रोहतक,

हरियाणा के विकास एवं पंचायत तथा खान एवं भू-विज्ञान मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने कहा कि सामाजिक सेवा, शिक्षा, पर्यावरण संरक्षण और सांस्कृतिक विरासत को सहेजने के लिए कार्य कर रही संस्थाएं एवं कलाकार समाज की अमूल्य धरोहर हैं। जब समाज के सक्षम लोग और संस्थाएं आगे आकर जरूरतमंदों का हाथ थामते हैं, तभी समाज में वास्तविक बदलाव आता है। उन्होंने कहा कि बेटियों को शिक्षित एवं आत्मनिर्भर बनाना और जरूरतमंद परिवारों के बच्चों को उच्च शिक्षा के अवसर उपलब्ध करवाना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।

कृष्ण लाल पंवार दादा लख्मीचंद स्टेट यूनिवर्सिटी ऑफ परफॉर्मिंग एंड विजुअल आर्ट्स के सभागार में विलक्षणा सारथी संस्था द्वारा आयोजित विलक्षणा समाज-सारथी सम्मान समारोह में बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे। उन्होंने सामाजिक सरोकारों के लिए कार्य कर रही संस्था की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रयास समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के साथ-साथ जरूरतमंदों को आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करते हैं। कैबिनेट मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा वर्ष 2015 में पानीपत से शुरू किए गए ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान ने बेटियों के प्रति समाज की सोच बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में राज्य सरकार और समाज के साझा प्रयासों से प्रदेश में लिंगानुपात में लगातार सुधार हुआ है।
विकास एवं पंचायत मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने कहा कि प्रदेश सरकार बेटियों को उच्च शिक्षा के बेहतर अवसर उपलब्ध करवाने के लिए निरंतर प्रयासरत है। इसी दिशा में छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए दूर न जाना पड़े, इसके लिए 20 किलोमीटर के दायरे में राजकीय कॉलेज स्थापित करने की व्यवस्था की गई है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में चिकित्सा शिक्षा का भी विस्तार हुआ है और एमबीबीएस की सीटों में सरकार ने बढोतरी की है।

कृष्ण लाल पंवार ने कहा कि प्रदेश के वरिष्ठ एवं ख्यातिप्राप्त कलाकार हरियाणवी संस्कृति, लोक कला और सांग-रागनी की समृद्ध परंपरा को देश-विदेश में पहचान दिला रहे हैं। इन कलाकारों का योगदान नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने में महत्वपूर्ण है। उन्होंने अपनी ऐच्छिक ग्रांट से वरिष्ठ कलाकार रणबीर बड़वासनी, मासूम शर्मा, महावीर गुड्डू और रामकेश को 31-31 हजार रुपये की सम्मान राशि देने की घोषणा की। इसके अतिरिक्त, विलक्षणा सारथी संस्था के जनकल्याणकारी कार्यों को आगे बढ़ाने के लिए 2 लाख 51 हजार रुपये की वित्तीय सहायता देने का ऐलान किया।
पर्यावरण संरक्षण पर जोर देते हुए कैबिनेट मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने कहा कि पेड़-पौधे और प्राकृतिक संसाधन आने वाली पीढ़ियों की अमूल्य धरोहर हैं। प्रदेश सरकार 75 वर्ष या उससे अधिक आयु के वृक्षों के संरक्षण के लिए ‘प्राण वायु देवता पेंशन योजना’ के तहत प्रतिवर्ष 2,500 रुपये की पेंशन प्रदान कर रही है। इसके साथ ही, ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत स्कूली बच्चों को पौधे लगाने और उनकी देखभाल के लिए प्रेरित करने की दिशा में भी प्रयास किए जा रहे हैं।
ग्रामीण विकास एवं स्वरोजगार के संबंध में कृष्ण लाल पंवार ने कहा कि प्रदेश में विकास एवं पंचायत विभाग के अंतर्गत 70 हजार से अधिक स्वयं सहायता समूह कार्यरत हैं। इन समूहों को पशुपालन और आजीविका संवर्धन के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि निर्धारित प्रावधानों के तहत स्वयं सहायता समूहों को पांच वर्ष की लीज पर 350 एकड़ तक पंचायती जमीन 2,000 रुपये प्रतिवर्ष की दर से उपलब्ध करवाने की व्यवस्था की गई है।

विकास एवं पंचायत मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने कहा कि गौ-संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए भी सरकार प्रतिबद्ध है। इसी दिशा में गौशालाओं को गौ-माता की संख्या के अनुरूप 15 से 20 एकड़ तक जमीन 20 वर्ष की लीज पर देने का निर्णय लिया गया है। इससे गौशालाओं को अपने कार्यों का विस्तार करने और गोवंश की बेहतर देखभाल करने में मदद मिलेगी। समारोह के समापन पर कैबिनेट मंत्री ने उपस्थित गणमान्य नागरिकों और सामाजिक संस्थाओं से आह्वान किया कि वे गरीब एवं जरूरतमंद परिवारों के बच्चों की उच्च शिक्षा में सहयोग करें। उन्होंने कहा कि बेटियों को शिक्षा, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता के अवसर उपलब्ध करवाकर ही एक सशक्त और समृद्ध समाज का निर्माण किया जा सकता है। उन्होंने सामाजिक संस्थाओं, कलाकारों और नागरिकों से जनकल्याण के कार्यों में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की।
पूर्व राज्यसभा सांसद रामचंद्र जांगड़ा ने अपने संबोधन में युवाओं से भारतीय संस्कृति और संस्कारों से जुड़े रहने तथा भटकाव से बचने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत पर गर्व करते हुए सामाजिक मूल्यों को अपनाना चाहिए। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण पर जोर देते हुए अधिक से अधिक पौधे लगाने, प्रकृति की रक्षा करने और भावी पीढ़ियों के लिए स्वच्छ एवं सुरक्षित पर्यावरण सुनिश्चित करने का संदेश दिया। उन्होंने युवाओं से संस्कृति संरक्षण और पर्यावरण सुरक्षा के लिए अपनी जिम्मेदारी निभाने की अपील की।

कार्यक्रम में 5 राज्यों की 30 प्रतिभाओं को सम्मानित किया गया। संस्था की संस्थापिका एवं अध्यक्षा डॉ सुलक्षणा अहलावत, महासचिव डॉ विकास शर्मा, तथा कार्यकारिणी के सदस्य विकास कुमार, नंदकिशोर, प्रियंका, सीमा, राहुल अहलावत, जिला प्रभारी सभी प्रकोष्ठ भाजपा रोहतक डाॅ अशोक कुमार रंगा, हरिओम भाली, हरियाणा कला परिषद रोहतक मंडल के अतिरिक्त निदेशक गगन हरियाणवी, गायक महाबीर गुड्डू, रणबीर सिंह बड़वासनिया, रामकेश जीवनपुरिया, मासूम शर्मा, बाली शर्मा, राजबीर रोहिल्ला सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।