झज्जर, 05 सितंबर।)
डीसी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी वर्षा खांगवाल ने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत जिले के प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम अंतिम मतदाता सूची में शामिल करवाना जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने पात्र नागरिकों से अपील की कि वे प्रारंभिक मतदाता सूची में अपना नाम अवश्य जांचें। यदि नाम सूची में दर्ज नहीं है अथवा नाम, पता या अन्य विवरण में किसी प्रकार की त्रुटि है, तो निर्धारित समय सीमा के भीतर संबंधित प्रपत्र भरकर जमा करवाएं।
पात्र मतदाताओं को चिंता करने की आवश्यकता नहीं
डीसी ने स्पष्ट किया कि एसआईआर की पूरी प्रक्रिया भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुरूप निर्धारित नियमों और पारदर्शी व्यवस्था के तहत संचालित की जा रही है। केवल पुराने मतदाता रिकॉर्ड अथवा संबंधित दस्तावेज उपलब्ध नहीं होने मात्र से किसी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची से नहीं हटाया जा सकता। पात्र मतदाता का नाम हटाने की कार्रवाई निर्धारित प्रक्रिया और उचित जांच के बाद ही की जा सकती है।
नाम जुड़वाने के लिए फॉर्म-6, संशोधन के लिए फॉर्म-8
डीसी वर्षा खांगवाल ने बताया कि जिन पात्र नागरिकों का नाम मतदाता सूची में शामिल नहीं है, वे फॉर्म-6 भरकर नाम दर्ज करवाने के लिए आवेदन कर सकते हैं। वहीं मतदाता सूची में दर्ज नाम, पता अथवा अन्य विवरण में संशोधन के लिए फॉर्म-8 का उपयोग किया जा सकता है। दोनों प्रपत्र 30 सितंबर 2026 तक संबंधित निर्वाचक पंजीयन अधिकारी या बूथ लेवल अधिकारी के पास जमा करवाए जा सकते हैं।
उन्होंने बताया कि नाम दर्ज करवाने अथवा स्थानांतरण से संबंधित आवेदन के साथ घोषणा-पत्र भी देना होगा। इसमें पिछली विशेष गहन पुनरीक्षण मतदाता सूची में स्वयं अथवा माता-पिता, दादा-दादी के विवरण की जानकारी उपलब्ध होने पर उसका उल्लेख किया जाना है।
जन्म वर्ष के आधार पर अलग-अलग हो सकती है दस्तावेजों की आवश्यकता
डीसी ने बताया कि जिन पात्र नागरिकों के पास पिछली मतदाता सूची का रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं है, वे अपने जन्म वर्ष के अनुसार निर्धारित दस्तावेजों के माध्यम से पात्रता का प्रमाण प्रस्तुत कर सकते हैं।
उन्होंने बताया कि 1 जुलाई 1987 से पहले जन्मे व्यक्ति सांकेतिक सूची में शामिल किसी भी स्वीकार्य दस्तावेज से अपनी पात्रता प्रमाणित कर सकते हैं। 1 जुलाई 1987 से 2 दिसंबर 2004 के बीच जन्मे व्यक्ति को अपना तथा माता-पिता में से किसी एक का दस्तावेज प्रस्तुत करना होगा। इसी प्रकार 2 दिसंबर 2004 के बाद जन्मे व्यक्ति को स्वयं, पिता और माता से संबंधित आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करने होंगे। यदि माता-पिता भारतीय नागरिक नहीं हैं, तो जन्म के समय उनके वैध वीजा और पासपोर्ट की प्रति भी प्रस्तुत करनी होगी।
पहचान, जन्म और निवास से जुड़े दस्तावेज हो सकते हैं मान्य
जिला निर्वाचन अधिकारी वर्षा खांगवाल ने बताया कि पात्रता प्रमाण के लिए सांकेतिक सूची में सरकारी अथवा स्थानीय प्राधिकरण द्वारा जारी पहचान पत्र, पेंशन भुगतान आदेश, जन्म प्रमाण-पत्र, पासपोर्ट, मान्यता प्राप्त बोर्ड या विश्वविद्यालय द्वारा जारी मैट्रिक अथवा शैक्षणिक प्रमाण-पत्र, स्थायी निवास प्रमाण-पत्र, वन अधिकार प्रमाण-पत्र, जाति प्रमाण-पत्र, परिवार रजिस्टर तथा सरकार द्वारा जारी भूमि या मकान आवंटन प्रमाण-पत्र सहित अन्य दस्तावेज शामिल हैं।
भ्रामक सूचनाओं से रहें दूर, 1950 पर लें सही जानकारी
जिला निर्वाचन अधिकारी वर्षा खांगवाल ने नागरिकों से अपील की कि एसआईआर प्रक्रिया को लेकर सोशल मीडिया अथवा अन्य माध्यमों से प्रसारित किसी भी अफवाह या भ्रामक सूचना पर विश्वास न करें। मतदाता सूची अथवा दस्तावेजों से संबंधित किसी भी समस्या या शंका की स्थिति में संबंधित बूथ लेवल अधिकारी, निर्वाचक पंजीयन अधिकारी अथवा सहायक निर्वाचक पंजीयन अधिकारी के कार्यालय से जानकारी एवं मार्गदर्शन प्राप्त किया जा सकता है। इसके अलावा मतदाता हेल्पलाइन नंबर 1950 पर भी संपर्क किया जा सकता है।
