कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने हिसार में व्यापारी व किसानों की सुनीं समस्याएं
निरीक्षण के दौरान व्यापारी प्रतिनिधियों ने मंत्री के समक्ष विभिन्न मुद्दे रखे। अनाज मंडी दुकानों के पारिवारिक बंटवारे के मामलों में अतिरिक्त लाइसेंस जारी करने की मांग पर मंत्री ने मौके पर ही उच्चाधिकारियों से बातचीत करते हुए कहा कि संबंधित आढ़ती नियमानुसार आवेदन करें, ताकि लाइसेंस जारी करने की प्रक्रिया शुरू की जा सके।
कृषि मंत्री ने मंडी में जलभराव, अतिरिक्त शौचालय और शेड से जुड़ी समस्याओं पर मार्केट कमेटी अधिकारियों को शीघ्र समाधान करने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने फसल के त्वरित उठान सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों को हिदायत दी, ताकि किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
किसानों के बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन के संबंध में पूछे गए प्रश्न पर उन्होंने स्पष्ट किया कि फसल बिक्री के लिए किसान तीन व्यक्तियों के नाम दर्ज करा सकते हैं, जिनमें से कोई एक व्यक्ति आकर फसल बेच सकता है। एक अन्य प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि इस बार मार्च महीने में तापमान कम रहने से गेहूं की अच्छी फसल हुई है। आंकड़े भी बता रहे हैं कि प्रति एकड़ फसल पैदावार में इजाफा हुआ है।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार द्वारा किसानों के हित में अनेक कल्याणकारी योजनाएं प्रभावी रूप से लागू की गई हैं। उन्होंने बताया कि भावांतर भरपाई योजना, मेरी फसल-मेरा ब्यौरा पोर्टल, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, किसान सम्मान निधि योजना तथा ई-खरीद प्रणाली जैसी योजनाओं के सफल क्रियान्वयन से किसानों को उनकी फसलों का उचित मूल्य मिल रहा है और पारदर्शिता भी सुनिश्चित हुई है। प्रदेश में सबसे अधिक फसलों की सरकारी खरीद की जाती है।
उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा फसल खरीद प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाया गया है, जिससे किसानों की आर्थिक स्थिति में सुधार आया है। मंत्री ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्षी दल किसानों को गुमराह कर अपनी राजनीतिक रोटियां सेकने का प्रयास करते हैं, लेकिन किसान अब जागरूक हैं और ऐसे प्रयास कभी सफल नहीं होंगे। इस अवसर पर उपायुक्त महेंद्र पाल, मार्केट कमेटी चेयरमैन रवींद्र रॉकी, एसडीएम ज्योति मित्तल, सीटीएम हरिराम सहित अन्य अधिकारी, व्यापारी प्रतिनिधि व किसान उपस्थित थे।
