लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत करने वाली महत्वपूर्ण प्रक्रिया है एसआईआर अभियान : डीसी आयुष सिन्हा

 
लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत करने वाली महत्वपूर्ण प्रक्रिया है एसआईआर अभियान : डीसी आयुष सिन्हा

फरीदाबाद, 21 जुलाई।
हरियाणा के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ए. श्रीनिवास ने आज मंगलवार को गुरुग्राम से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेशभर में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर)-2026 अभियान की प्रगति की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने जिला निर्वाचन अधिकारियों, निर्वाचन पंजीकरण अधिकारियों (ईआरओ), सहायक निर्वाचन पंजीकरण अधिकारियों (एईआरओ) तथा बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) द्वारा पिछले एक माह से किए जा रहे कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि अभियान अंतिम चरण में है और अब केवल कुछ हजार पात्र मतदाताओं का पंजीकरण शेष है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि अगले दो दिनों में इस कार्य को शत-प्रतिशत पूरा कर लिया जाएगा।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने निर्देश दिए कि ऑनलाइन माध्यम से गणना प्रपत्र जमा करने वाले मतदाताओं का भौतिक सत्यापन निर्धारित समय सीमा से पहले हर हाल में पूरा किया जाए तथा कोई भी पात्र मतदाता छूटना नहीं चाहिए। उन्होंने लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण कर शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त करने के लिए संबंधित जिला निर्वाचन अधिकारियों को शेष कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए।

ए. श्रीनिवास ने निर्देश दिए कि सभी प्रमुख (वीआईपी) मतदाताओं की पहचान कर उनके गणना प्रपत्र प्राप्त एवं सत्यापित किए जाएं। उन्होंने कहा कि निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी स्तर पर इसकी दोबारा समीक्षा की जाए ताकि किसी भी पात्र मतदाता के संबंध में कोई त्रुटि न रह जाए। यदि किसी प्रकार की विसंगति सामने आती है तो उसकी सूचना तुरंत मुख्य निर्वाचन कार्यालय को दी जाए।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि 31 जुलाई से 30 अगस्त तक चलने वाले दावा एवं आपत्ति चरण से पहले सभी अतिरिक्त एईआरओ को कम से कम दो चरणों में व्यापक प्रशिक्षण दिया जाए। प्रशिक्षण में ऑनलाइन प्रणाली के संचालन के साथ-साथ निर्वाचन संबंधी कानूनी प्रक्रियाओं की भी विस्तृत जानकारी दी जाए।

उन्होंने निर्देश दिए कि प्रत्येक अतिरिक्त एईआरओ को उनके अधिकार क्षेत्र के मतदान केंद्र स्पष्ट रूप से आवंटित किए जाएं, साथ ही संबंधित अधिकारियों के कार्यक्षेत्र की जानकारी का व्यापक प्रचार-प्रसार जिला, ब्लॉक एवं ग्राम स्तर तक किया जाए ताकि दावा अथवा आपत्ति दर्ज कराने वाले मतदाताओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि प्रारूप मतदाता सूची प्रकाशित होने के बाद उसका नियमानुसार मुद्रण कराया जाए तथा उसकी प्रतियां सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों, निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी कार्यालय तथा संबंधित बीएलओ को उपलब्ध कराई जाएं। उन्होंने कहा कि ड्राफ्ट पब्लिकेशन के साथ एएसडीडी यानी एब्सेंट, शिफ्टिड, डेथ तथा डुप्लीकेट वोटर्स की लिस्ट को मतदान केंद्रों के साथ प्रमुख स्थानों पर उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों को निर्देश दिए कि विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के शेष कार्यों को पूरी गंभीरता, पारदर्शिता और समयबद्ध तरीके से पूरा करते हुए प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल करना सुनिश्चित करें।

उपायुक्त एवं जिला निर्वाचन अधिकारी आयुष सिन्हा ने वीडियो कॉन्फ्रेंस उपरांत जिला से संबंधित निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों (ईआरओ) तथा सहायक निर्वाचक पंजीकरण अधिकारियों (एईआरओ) बैठक लेकर विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान को मिशन मोड में पूरा करने और प्रतिदिन इसकी प्रगति की समीक्षा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जिला में मतदाता गणना प्रपत्रों के सत्यापन तथा डिजिटाइजेशन से संबंधित सभी कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि सुपरवाइजर और बीएलओ कार्य में और अधिक तेजी लाएं।

उपायुक्त ने सभी ईआरओ एवं एईआरओ को स्वयं फील्ड गतिविधियों की नियमित निगरानी करने तथा बीएलओ, सुपरवाइजरों के साथ लगातार बैठकें आयोजित करने के निर्देश दिए। प्रत्येक स्तर पर दैनिक लक्ष्य निर्धारित किए जाएं और निर्वाचन विभाग के डैशबोर्ड के माध्यम से प्रगति की समीक्षा की जाए। उन्होंने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान केवल एक सामान्य प्रशासनिक गतिविधि नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक व्यवस्था को सशक्त बनाने वाली अत्यंत महत्वपूर्ण निर्वाचन प्रक्रिया है।

एसआईआर के दौरान अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत और डुप्लीकेट मतदाताओं की विशेष रूप से जांच की जाए सुनिश्चित
जिला निर्वाचन अधिकारी आयुष सिन्हा ने कहा कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार जिला में चल रहे मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन-एसआईआर) अभियान के तहत जिन मतदाताओं से संपर्क स्थापित नहीं हो पा रहा है अथवा जिनके संबंध में किसी प्रकार का संदेह है, उनके बारे में पड़ोसियों, स्थानीय नागरिकों तथा अन्य विश्वसनीय स्रोतों से जानकारी प्राप्त कर आवश्यक सत्यापन किया जाए। विशेष रूप से अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत अथवा डुप्लीकेट मतदाताओं के मामलों की गहन जांच सुनिश्चित की जाए, ताकि मतदाता सूची पूरी तरह अद्यतन एवं शुद्ध हो सके।

समीक्षा बैठक में एसडीएम बड़खल त्रिलोक चंद, एसडीएम बल्लभगढ़ मयंक भारद्वाज, एसडीएम फरीदाबाद हनी बंसल, सीईओ जिला परिषद शिखा, संपदा अधिकारी (एचएसवीपी) नवीन कुमार, सीटीएम अंकित कुमार, डीआईपीआरओ मूर्ति दलाल सहित अन्य सम्बंधित अधिकारीगण  मौजूद रहे।