हरियाणा में रसोई गैस फिर महंगी, 3 महीने में 89 रुपये बढ़े दाम 

गुरुग्राम:हरियाणा में घरेलू बजट पर एक और महंगाई का झटका लगा है। 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमत में 29 रुपये की बढ़ोतरी कर दी गई है। नई दरें आधी रात से लागू हो गई हैं, जिसके बाद राज्य के कई जिलों में गैस सिलेंडर की कीमतें रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई हैं। सबसे ज्यादा कीमत गुरुग्राम में दर्ज की गई है, जहां अब एक घरेलू एलपीजी सिलेंडर के लिए उपभोक्ताओं को 979.50 रुपये चुकाने होंगे। इसके साथ ही गुरुग्राम हरियाणा का सबसे महंगा जिला बन गया है। यह पिछले तीन महीनों में दूसरी बार है जब घरेलू गैस की कीमतों में बढ़ोतरी हुई है। इससे पहले 7 मार्च को सिलेंडर के दाम में 60 रुपये की वृद्धि की गई थी। ताजा बढ़ोतरी के बाद तीन महीने के भीतर घरेलू एलपीजी सिलेंडर 89 रुपये महंगा हो चुका है।
 
हरियाणा में रसोई गैस फिर महंगी, 3 महीने में 89 रुपये बढ़े दाम
 

गुरुग्राम: हरियाणा में घरेलू बजट पर एक और महंगाई का झटका लगा है। 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमत में 29 रुपये की बढ़ोतरी कर दी गई है। नई दरें आधी रात से लागू हो गई हैं, जिसके बाद राज्य के कई जिलों में गैस सिलेंडर की कीमतें रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई हैं। सबसे ज्यादा कीमत गुरुग्राम में दर्ज की गई है, जहां अब एक घरेलू एलपीजी सिलेंडर के लिए उपभोक्ताओं को 979.50 रुपये चुकाने होंगे। इसके साथ ही गुरुग्राम हरियाणा का सबसे महंगा जिला बन गया है। यह पिछले तीन महीनों में दूसरी बार है जब घरेलू गैस की कीमतों में बढ़ोतरी हुई है। इससे पहले 7 मार्च को सिलेंडर के दाम में 60 रुपये की वृद्धि की गई थी। ताजा बढ़ोतरी के बाद तीन महीने के भीतर घरेलू एलपीजी सिलेंडर 89 रुपये महंगा हो चुका है।

 

इन जिलों में भी बढ़े दाम

नई दरों के अनुसार:

  • गुरुग्राम – 979.50 रुपये

  • फतेहाबाद – 971 रुपये

  • पंचकूला – 968.50 रुपये

  • यमुनानगर – 968.50 रुपये

  • हिसार – 960 रुपये

  • महेंद्रगढ़ – 960 रुपये

  • रोहतक – 944 रुपये

  • फरीदाबाद – 943 रुपये

अंतरराष्ट्रीय बाजार का असर

विशेषज्ञों के अनुसार अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल और एलपीजी की कीमतों में उतार-चढ़ाव तथा वैश्विक भू-राजनीतिक तनावों के कारण घरेलू बाजार पर दबाव बढ़ा है। इसी वजह से एलपीजी की कीमतों में लगातार संशोधन किया जा रहा है।

पेट्रोल, डीजल और CNG भी महंगे

एलपीजी के अलावा अन्य ईंधनों की कीमतों में भी बढ़ोतरी देखने को मिली है। पिछले कुछ सप्ताहों में:

  • पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कुल मिलाकर करीब 7.50 रुपये प्रति लीटर की वृद्धि हुई है।

  • CNG की कीमत लगभग 6 रुपये प्रति किलोग्राम बढ़ी है।

इस वजह से आम लोगों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है और घरेलू खर्च बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।

तेल कंपनियां अब भी घाटे में!

रिपोर्टों के अनुसार कीमतों में बढ़ोतरी के बावजूद तेल विपणन कंपनियां (OMCs) अभी भी पूरी लागत वसूल नहीं कर पा रही हैं। बताया जा रहा है कि पेट्रोल और डीजल की वास्तविक लागत की तुलना में उन्हें कम कीमत पर बेचा जा रहा है। सरकारी सूत्रों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में बढ़ी लागत का केवल एक हिस्सा ही उपभोक्ताओं पर डाला गया है, जबकि शेष बोझ सरकारी तेल कंपनियां स्वयं वहन कर रही हैं।