लोगों को सुलभ, किफायती और त्वरित न्याय देने के लिए हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की अनूठी पहल
चंडीगढ़, 19 जुलाई- लोगों को सुलभ, किफायती और त्वरित न्याय दिलाने के लिए हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के कार्यकारी अध्यक्ष एवं पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति दीपक सिबल ने एक अनूठी पहल की है। जिसके तहत 18 जुलाई को नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट' के तहत सभी जिलों में एक साथ विशेष लोक अदालतों का आयोजन किया गया, जिसमें 9,590 मामलों का सौहार्दपूर्ण ढंग से निपटारा किया गया।
प्राधिकरण द्वारा यह विशेष पहल से विवादों के सौहार्दपूर्ण समाधान को बढ़ावा देने और वैकल्पिक विवाद समाधान (ADR) तंत्र को मजबूत करने के प्रति हरियाणा राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण की प्रतिबद्धता की पुष्टि हुई। इन समझौतों से लंबे समय से लंबित मामलों का त्वरित समाधान संभव हुआ, जिससे पक्षकारों को लंबी कानूनी लड़ाई से बचने, काफी समय और खर्च बचाने और आपसी सहमति से स्वीकार्य समाधानों के माध्यम से सौहार्दपूर्ण संबंध बहाल करने में मदद मिली।
विशेष लोक अदालत के सफल आयोजन ने हरियाणा की अदालतों में चेक बाउंस होने के मामलों की लंबित संख्या को कम करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है, साथ ही विवाद समाधान के लिए एक प्रभावी, कुशल और नागरिक-अनुकूल तंत्र के रूप में लोक अदालत संस्था में जनता के विश्वास को भी मजबूत किया है।
विशेष लोक अदालतों के दौरान 97,29,66,109 रुपये की राशि का निपटारा किया गया, जो विवादों के सौहार्दपूर्ण समाधान में लोक अदालत तंत्र की प्रभावशीलता को उजागर करता है।
