Haryana News: हरियाणा की तहसीलों में लगा म्यूटेशन ढेर, 65 हजार मामले पटवारी-कानूनगो लेवल पर पेंडिंग

 
haryana news
Haryana News: हरियाणा की सैनी सरकार ने प्रदेश की संपत्तियों की रजिस्ट्री को पेपरलेस बनाकर भ्रष्टाचार पर रोक लगाने का प्रयास किया है। लेकिन 'ऑटो-म्यूटेशन' (स्वतः इंतकाल) का सपना अभी भी फाइलों में ही अटका हुआ है। आकड़ों के मुताबिक हरियाणा में करीब 1.45 लाख म्यूटेशन के मामले पेंडिंग है। हैरान कर देने वाली बात ये है कि इस देरी का कारण तकनीक नहीं बल्कि पटवारी, कानूनगो और तहसीलदारों के स्तर पर होने वाली सुस्ती है।

इसे देखते हुए हरियाणा सरकार ने प्रदेश के सभी जिलों के उपायुक्तों को निर्देश दिए हैं कि पैंडिंग मामलों को जल्द निपटाया जाए। इसे लिए डेढ़ महीना का समय तय किया गया है ताकि आने वाले समय में म्यूटेशन की प्लानिंग पर काम हो सके।

65 हजार मामले पटवारी-कानूनगो लेवल पर पेंडिंग
प्रदेश के 22 जिलों में 143 तहसील-उप तहसील और 7104 गांव है। राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के ब्योरे के मुताबिक पिछले हफ्ते तक करीब 80,182 मामलों में ऑनलाइन ब्योरा ही दर्ज नहीं हो सका है। पटवारियों और कानूनगो के स्तर पर स्वीकृति के इंतजार में अभी करीब 65,221 मामले पेंडिंग हैं। 

तहसीलदारों के स्तर पर अभी स्वीकृति के इंतजार में 10 दिन से अधिक 47,230 मामले पेंडिंग हैं। इस तरह से अभी तक कुल 1,45,403 मामले पेंडिंग हैं।