हरियाणा में वाहन पंजीकरण पर सख्ती, राज्यभर के एसडीएम और आरटीओ कार्यालयों की होगी जांच

 
हरियाणा में वाहन पंजीकरण पर सख्ती, राज्यभर के एसडीएम और आरटीओ कार्यालयों की होगी जांच
हरियाणा के परिवहन मंत्री अनिल विज ने अंबाला जिला के चारों उप-मंडल (नागरिक) कार्यालयों में बड़े स्तर पर वाहनों के पंजीकरण में कथित धांधली की खबरों का संज्ञान लेते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि राज्य के सभी उप-मंडल (नागरिक) कार्यालयों तथा क्षेत्रीय परिवहन कार्यालयों (नागरिक) की गहन जांच राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो से करवाई जाए।

 

इस संबंध में परिवहन मंत्री ने राजस्व विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव तथा परिवहन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव को आवश्यक निर्देश जारी किए हैं। श्री विज ने स्पष्ट किया कि इस प्रकार की अनियमितताएं केवल अंबाला तक सीमित नहीं हो सकतीं, बल्कि राज्य के अन्य उप-मंडल कार्यालयों और क्षेत्रीय परिवहन कार्यालयों में भी हो सकती हैं, इसलिए पूरे राज्य स्तर पर जांच आवश्यक है। उल्लेखनीय है कि अंबाला में एसडीएम कार्यालयों के माध्यम से तमिलनाडु सहित अन्य राज्यों में अधूरे पतों पर वाहनों के पंजीकरण के मामले सामने आए हैं, जिनकी जांच जारी है।

 

इसके अलावा, धूल, रेत, मिट्टी तथा अन्य ढीले निर्माण सामग्री ढोने वाले वाहनों द्वारा बिना ढके परिवहन किए जाने पर भी मंत्री ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने निर्देश दिए हैं कि ऐसे सभी ट्रक/परिवहन वाहनों को तिरपाल या अन्य उपयुक्त साधनों से अनिवार्य रूप से ढका जाए। इस संबंध में राज्य के सभी जिला परिवहन अधिकारी-कम-सचिव तथा क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरणों को आदेश जारी किए गए हैं। नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ मोटर वाहन अधिनियम एवं प्रदूषण नियंत्रण दिशानिर्देशों के तहत चालान किया जाएगा। साथ ही, ट्रांसपोर्टरों और चालकों को इस विषय में जागरूक करने के निर्देश भी दिए गए हैं।

 

श्री विज ने 17 फरवरी 2017 को अधिसूचित स्टेज कैरिज स्कीम-2016 के नियमों का अनुपालन सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि प्राइवेट स्टेज कैरिज ऑपरेटरों द्वारा स्कीम की शर्तों के उल्लंघन की कई शिकायतें प्राप्त हो रही हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि स्कीम के तहत परमिट धारकों को अपनी बसों में छात्रों, रियायती तथा फ्री-पास धारकों को यात्रा सुविधा प्रदान करना अनिवार्य है और इसके लिए सरकार की ओर से कोई सब्सिडी नहीं दी जाएगी। इस मामले में किसी प्रकार की लापरवाही सहन नहीं की जाएगी।

 

इसके अतिरिक्त, शहरों में भारी वाहनों के अनधिकृत प्रवेश पर भी सख्ती बरतने के निर्देश दिए गए हैं। मंत्री ने कहा कि अक्सर समय और ईंधन बचाने के लिए ऐसे वाहन शहर के भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों, बाजारों एवं सेक्टरों की ओर मुड़ जाते हैं, जिससे यातायात बाधित होता है, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचता है तथा दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है।