Haryana Budget 2026: हरियाणा में बनेगी “हरियाणा एग्री डिस्कॉम” के नाम से तीसरी बिजली वितरण कंपनी, CM ने की घोषणा

 
Haryana Budget 2026: हरियाणा में बनेगी “हरियाणा एग्री डिस्कॉम” के नाम से तीसरी बिजली वितरण कंपनी, CM ने की घोषणा
Haryana Budget 2026: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने वित्त मंत्री के रूप में हरियाणा विधानसभा में प्रस्तुत अपने बजट को “संवाद और सहमति से तैयार किया गया दस्तावेज” बताते हुए कहा कि यह वास्तव में जनता की भागीदारी से बना बजट है। 

उन्होंने सदन को अवगत कराया कि 6 जनवरी से 27 जनवरी तक पंचकूला सहित विभिन्न स्थानों पर उद्योग जगत, शिक्षा क्षेत्र, महिला वर्ग, स्वास्थ्य क्षेत्र, किसान भाइयों-बहनों, सरपंचों, पार्षदों, युवा संगठनों, सांसदों तथा विधायकों के साथ कुल 13 बैठकें आयोजित की गईं, जिनमें 2,199 सुझाव प्राप्त हुए। इसके अतिरिक्त 6 जनवरी को आरंभ किए गए एआई चैटबॉट के माध्यम से लगभग 12,400 सुझाव प्राप्त हुए, जबकि अन्य सुझाव ई-मेल, पत्रों और प्रदेशभर के दौरों के दौरान मिले। लगभग 5,000 सुझावों को बजट प्रस्तावों में शामिल किया गया है। उन्होंने कहा कि यह उनका दूसरा राज्य बजट है और यह हरियाणा की जनता द्वारा तैयार किया गया बजट है।

किसानों के लिए बड़ा कदम:‘हरियाणा एग्री डिस्कॉम’ बनाने का प्रस्ताव

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम और दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम के 14,391 फीडरों के माध्यम से घरेलू, व्यावसायिक, कृषि एवं औद्योगिक उपभोक्ताओं को बिजली आपूर्ति की जाती है। वर्ष 2004-05 से 2014-15 तक जहां 1,89,978 नए ट्यूबवेल कनेक्शन जारी किए गए थे, वहीं 2015-16 से दिसंबर 2025-26 तक 2,92,990 नए कनेक्शन दिए गए हैं।

किसानों को शीघ्र कनेक्शन और निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के उद्देश्य से “हरियाणा एग्री डिस्कॉम” के नाम से तीसरी बिजली वितरण कंपनी बनेगी। यह कंपनी प्रदेश के 5,084 कृषि फीडरों और 7.12 लाख कृषि उपभोक्ताओं को सेवाएं प्रदान करेगी, जिससे हर खेत तक भरोसेमंद बिजली पहुंचेगी और ट्रांसफॉर्मर बदलने सहित सेवाओं में तेजी आएगी।

बेटियों के स्वास्थ्य हेतू एचपीवी टीकाकरण अभियान

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा 28 फरवरी को देशभर में किशोरियों को निःशुल्क एचपीवी वैक्सीन लगाने का शुभारंभ किया गया है। वर्ष 2026-27 में 14 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुकी लगभग 3 लाख बेटियों का एचपीवी टीकाकरण किया जाएगा। साथ ही “हर नारी, स्वस्थ नारी” के लक्ष्य के तहत प्रत्येक जिला अस्पताल एवं उप-मंडल अस्पताल में “स्वस्थ नारी सशक्त परिवार क्लीनिक” स्थापित होगा।

ग्राम सभाओं, पैक्स और श्रम समितियों की जनभागीदारी बढ़ाई जाएगी

मुख्यमंत्री ने कहा कि 17 अक्तूबर 2024 से दूसरी बार मुख्यमंत्री बनने के बाद सैकड़ों गांवों के दौरों में यह स्पष्ट हुआ कि डिजिटल गवर्नेंस और महिला सशक्तिकरण को व्यापक स्वीकृति मिली है।

वर्ष 2026-27 से प्रत्येक ग्राम सभा की बैठक में छह नए अनिवार्य एजेंडा शामिल करने का प्रस्ताव है—पेयजल आपूर्ति, दूषित जल प्रबंधन, अमृत सरोवर व जल जमाव समस्याएं, नशा मुक्ति समीक्षा, सामाजिक पेंशन लाभार्थियों का सत्यापन, स्वच्छता एवं ठोस कचरा प्रबंधन तथा सरकारी भवनों के रखरखाव की समीक्षा।

सहकार से समृद्धि की दिशा में पैक्स को सशक्त बनाने का लक्ष्य

मुख्यमंत्री ने बताया कि केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में सहकारिता क्षेत्र को सशक्त बनाने हेतु देशभर में 57 पहल शुरू की गई हैं। वर्तमान में 804 पैक्स में से केवल 33 लाभ में हैं। वर्ष 2026-27 में कम से कम 300 घाटे में चल रही पैक्स को लाभ में लाने का लक्ष्य रखा गया है। कॉमन सर्विस सेंटर, पीएम किसान समृद्धि केंद्र, जन औषधि केंद्र, एलपीजी व पेट्रोल पंप जैसी गतिविधियों से पैक्स को बहुउद्देशीय एवं रोजगार सृजनकारी संस्थाओं के रूप में विकसित किया जाएगा।

श्रम एवं निर्माण समितियों को 4,000 करोड़ रुपये के कार्य होंगे आवंटित

राज्य में 9,000 से अधिक श्रम एवं निर्माण सहकारी समितियां कार्यरत हैं, जिनमें से लगभग 6,000 निष्क्रिय हैं। वर्ष 2026-27 में इन समितियों को लगभग 4,000 करोड़ रुपये के सरकारी निर्माण कार्य आवंटित करने का प्रस्ताव है। आईटीआई एवं पॉलिटेक्निक संस्थानों में सेमिनार एवं वेबिनार के माध्यम से युवाओं को इन समितियों से जोड़ा जाएगा।

वर्ष 2026-27 में सभी सरकारी भवनों, स्वायत्त शैक्षणिक संस्थानों और पंजीकृत गौशालाओं को सौर ऊर्जा आधारित परिसरों में परिवर्तित करने का प्रस्ताव है। इससे सरकारी व्यय में कमी आएगी और राज्य आत्मनिर्भर ऊर्जा मॉडल की ओर अग्रसर होगा।

साथ ही 100 करोड़ रुपये के सीड प्रावधान के साथ “हरियाणा ग्रीन क्लाइमेट रेजिलिएंस फंड” की स्थापना की जाएगी, ताकि वर्ष 2070 तक नेट-जीरो उत्सर्जन के लक्ष्य की दिशा में राज्य को आगे बढ़ाया जा सके।

‘मेक इन हरियाणा’ नीति और रोजगार प्रोत्साहन

नई “मेक इन हरियाणा” नीति का प्रारूप तैयार कर लिया गया है। ए, बी, सी और डी ब्लॉक आधारित वर्गीकरण समाप्त कर सभी ब्लॉकों में निवेश को प्रोत्साहन दिया जाएगा। स्थानीय युवाओं को रोजगार देने पर दी जाने वाली प्रति कर्मचारी 48,000 रुपये की एम्प्लॉयमेंट सब्सिडी बढ़ाकर 1 लाख रुपये प्रति कर्मचारी प्रति वर्ष करने का प्रस्ताव है। न्यूनतम मजदूरी को 11,257 रुपये से बढ़ाकर 15,200 रुपये प्रतिमाह करने की सिफारिश पर भी शीघ्र निर्णय लिया जाएगा।

प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में ‘आदर्श परीक्षा केंद्र’

मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में सार्वजनिक-निजी भागीदारी मॉडल पर “आदर्श परीक्षा केंद्र” स्थापित किए जाएंगे। प्रथम केंद्र 25 दिसंबर 2026 तक कुरुक्षेत्र में स्थापित किया जाएगा।

यमुना शुद्धिकरण मिशन

मुख्यमंत्री ने कहा कि 313 किलोमीटर लंबाई में बहने वाली यमुना नदी के प्रदूषण को समाप्त करने के लिए उनकी अध्यक्षता में एक नया मिशन शुरू होगा। सीवेज ट्रीटमेंट क्षमता वृद्धि, औद्योगिक इकाइयों की रियल टाइम मॉनिटरिंग, हरित पट्टी विकास और भू-जल पुनर्भरण के माध्यम से वर्ष 2026-27 में ही ठोस परिणाम सुनिश्चित किए जाएंगे।

हांसी को बनाया जाएगा मॉडल जिला

19 दिसंबर 2025 को हांसी को हरियाणा का 23वां जिला बनाया गया है। वर्ष 2026-27 में सभी आवश्यक जिला स्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराकर 2027-28 की समाप्ति से पहले हांसी को अति आधुनिक मॉडल जिला बनाया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बजट हरियाणा को आत्मनिर्भर, समृद्ध, हरित और समावेशी विकास की दिशा में नई गति प्रदान करेगा।