Haryana Budget 2026: हरियाणा में शहरी कब्जा धारकों के लिए खुशखबरी, बजट में नई योजना की घोषणा
मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी बतौर वित मंत्री सदन में दूसरी बार बजट पेश कर रहे थे। उन्होंने शहरी स्थानीय निकाय विभाग का वर्ष 2025-26 के संशोधित अनुमान 5,073.37 करोड़ रुपए को 23.01 प्रतिशत से बढ़ाकर वर्ष 2026-27 में 6,240.97 करोड़ करने की घोषणा करी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि शहरों में 41 लाख 70 हजार 749 सम्पत्तिधारको द्वारा सम्पत्ति कर तथा उस पर 31 मार्च, 2025 तक बकाया ब्याज राशि के बकाया ब्याज पर पर शत प्रतिशत छूट प्रदान की जाएगी। सभी आवासीय संपत्तियों पर 1 रुपए प्रति किलो लीटर की दर से लिया जाने वाला पानी शुल्क अब 500 वर्ग गज तक के मीटर्ड आवासीय संपत्तियों को 10 किलो लीटर प्रति माह तक निःशुल्क जल उपलब्ध करवाया जाएगा। इससे लगभग 23 लाख घरों को 28 करोड़ रुपए प्रति वर्ष का लाभ मिलेगा।
शहरों के सभी पार्कों, ग्रीन बेल्टों, मुख्य सड़कों के किनारों बड़े स्तर पर पौधारोपण हेतु 100 करोड़ रुपए का अर्बन ग्रीन फण्ड गठित
मुख्यमंत्री ने कहा कि हिसार, यमुनानगर, रोहतक, पानीपत और अम्बाला में इंटीग्रेटिड कमाण्ड एण्ड कन्ट्रोल सेंटर स्थापित किया जाएगा। नगर निगम, हिसार में यह कार्य 30 सितंबर, 2026 तक आवंटित कर दिया जाएगा तथा बाकी शहरों में यह कार्य 31 जनवरी, 2027 तक आवंटित कर दिया जाएगा। सभी शहरों के सभी पार्कों, ग्रीन बेल्टों और मुख्य सड़कों के किनारों पर बड़े स्तर पर पौधारोपण हेतु 100 करोड़ रुपए का अर्बन ग्रीन फण्ड स्थापित किया जाएगा।
राज्य के सभी 87 नगर निकायों में 145 स्वर्ग रोहिणी वाहन करवाए जाएंगे उपलब्ध
मुख्यमंत्री ने कहा कि पानी व सीवर के बिलों पर लगभग 140 करोड़ का सरचार्ज बकाया हैं। वर्ष 2026-27 में इस सारे सरचार्ज को माफ करने की घोषणा की है। वर्तमान में नगर निकायों के पास अपना कोई भी विशिष्ट स्वर्ग रोहिणी वाहन उपलब्ध नहीं है। राज्य के सभी 87 नगर निकायों में 145 स्वर्ग रोहिणी वाहन उपलब्ध करवाए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि फरीदाबाद, गुरूग्राम, मानेसर तथा जीन्द-हिसार-फतेहाबाद कलस्टर एवं अम्बाला-पंचकुला-यमुनानगर क्लस्टर में 25 मेगावाट क्षमता के कुल मिलाकर 5 वेस्ट-टू-एनर्जी प्लांट स्थापित किए जाएंगे। वर्तमान में शहरी स्थानीय निकाय विभाग में सीएलयू के मामलों में ईडीसी लगाने की प्रक्रिया नगर एवं ग्राम नियोजन विभाग से ज्यादा कठिन है। इसे आसान करके ग्राम आयोजन विभाग की तर्ज पर किया जाएगा।
पार्षद आपातकालीन फण्ड गठित, करवा सकेंगे आवश्यक जन कार्य
मुख्यमंत्री ने कहा कि आवश्यक कार्यों को तुरंत करवाने हेतु पार्षद आपातकालीन फण्ड स्थापित किया जाएगा। नगर निगम, नगर परिषद तथा नगर पालिका के पार्षदों को प्रति वर्ष क्रमशः छह लाख, तीन लाख तथा एक लाख पचास हजार रुपये की राशि के आवश्यक जन कार्यों को स्वीकृत करने की शक्तियां दी जाएगी। वर्ष 2011 की अधिसूचना के अनुसार सभी फैक्टरियों एवं मिलों पर उनके कुल प्लॉट एरिया पर 0.50 रुपए प्रति वर्ग मीटर की दर से गार्बेज यूज़र चार्ज लगता है। अब से जो औद्योगिक इकाई अपने परिसर में उत्पन्न कचरे का इन-हाउस प्रोसेसिंग एवं वैज्ञानिक निस्तारण स्वयं करेगी, उससे कोई गार्बेज यूज़र चार्ज नहीं जिया जाएगा। शेष सभी औद्योगिक इकाइयों पर गार्बेज यूज़र चार्ज प्लॉट एरिया के स्थान पर केवल कवर्ड क्षेत्रफल के आधार पर लिया जाएगा। चालू वित्त वर्ष में गुरुग्राम में सोहना चौक पर मल्टीलेवल पार्किंग जनता को समर्पित की जा चुकी है। रोहतक में निर्माणाधीन मल्टीलेवल पार्किंग को जल्द ही पूरा कर लिया जाएगा। हिसार, गुरुग्राम, फरीदाबाद तथा पलवल में एक-एक मल्टीलेवल पार्किंग बनाई जाएगी।
शहरी जल निकासी हेतु 100 करोड़ से अर्बन ड्रेनेज फण्ड गठित
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2025-26 में शहरी जल निकासी हेतु 100 करोड़ रुपए की राशि से अर्बन ड्रेनेज फण्ड स्थापित किया था। इस फण्ड के अंतर्गत केवल पांच नगर निकायों द्वारा लगभग 20 करोड़ रुपए के अनुमान प्राप्त हुए है। सभी सदस्यों से अनुरोध है कि वे अपने-अपने विधानसभा क्षेत्रों से विस्तृत प्रस्ताव शीघ्र भिजवाएं। अगले वर्ष इस फण्ड को 100 करोड़ से बढ़ाकर 150 करोड़ रुपए किए गए हैं। पिछले बजट में विशेष रूप से सक्षम व्यक्तियों के लिए पार्कों में आवश्यक सुविधा देने की घोषणा की है। 13 अन्य शहरों में कार्य चल रहा है तथा शेष नगर निकायों में इन्हें 31 मार्च, 2027 तक पूर्ण कर लिया जाएगा।
