Haryana: हरियाणा में आधे दाम में मिलेंगे कृषि यंत्र, जल्दी करें आवेदन
सचिन गुप्ता ने बताया कि वे किसान ही इस योजना के लिए पात्र होंगे, जो मेरी फसल-मेरा ब्यौरा पोर्टल पर रबी 2024 एवं खरीफ 2025 सीजन में पंजीकृत हैं। एक परिवार पहचान पत्र के अंतर्गत केवल एक किसान को एक कृषि यंत्र पर ही अनुदान का लाभ दिया जाएगा। अनुसूचित जाति, लघु एवं सीमांत तथा महिला किसानों को 50 प्रतिशत तक, जबकि अन्य किसानों को 40 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा। लघु एवं सीमांत किसानों की श्रेणी का निर्धारण मेरी फसल-मेरा ब्यौरा पोर्टल पर पंजीकृत भूमि के आधार पर किया जाएगा।
उपायुक्त सचिन गुप्ता ने बताया कि योजना के अंतर्गत बैटरी/इलेक्ट्रिक/सोलर ऑपरेटेड पावर वीडर, राइड ऑन सेल्फ प्रोपेल्ड मल्टी टूल बार, सेल्फ प्रोपेल्ड हाई क्लीयरेंस बूम स्प्रेयर, हाई कैपेसिटी चाफ कटर (लोडर सहित), ट्रेक्टर ऑपरेटेड साइलेज पैकिंग मशीन/बेलर, बैटरी व ट्रैक्टर ऑपरेटेड फर्टिलाइजर ब्रॉडकास्टर, हाइड्रोलिक प्रेस स्ट्रॉ बेलर, सब-सोइलर, मल्टीक्रॉप/रेज्ड बेड प्लांटर, सेल्फ प्रोपेल्ड राइस ट्रांसप्लांटर, विनोविंग फैन, मिलेट मशीन/मिल, स्ट्रॉ थ्रेशर, न्यूमैटिक प्लांटर, ऑयल एक्सपेलर, शुगरकेन फ्रेश कटर, मोबाइल/कॉटन श्रेडर, काऊ डंग ब्रिकेट एवं डीवाटरिंग मशीन, पैडी मोबाइल ड्रायर, लेजर लैंड लेवलर, रोटावेटर, ट्रैक्टर माउंटेड पावर वीडर, आलू बोने की मशीन सहित अनेक आधुनिक कृषि यंत्रों पर अनुदान उपलब्ध है।
सचिन गुप्ता ने बताया कि ऑनलाइन आवेदन के लिए किसान के नाम हरियाणा राज्य में पंजीकृत ट्रैक्टर की वैध आर.सी. (या परिवार पहचान पत्र में शामिल किसी सदस्य के नाम), बैंक खाता, पैन कार्ड, परिवार पहचान पत्र एवं आधार कार्ड आवश्यक हैं। अनुसूचित जाति वर्ग के किसानों को अनुसूचित जाति प्रमाण पत्र भी प्रस्तुत करना होगा। इसके अतिरिक्त किसान को खेत में फसल अवशेष न जलाने तथा पिछले तीन वर्षों में उसी कृषि यंत्र पर अनुदान न लेने संबंधी शपथ पत्र भी देना होगा।
उप कृषि निदेशक डॉ. सुरेंद्र सिंह ने बताया कि यदि आवेदनों की संख्या निर्धारित लक्ष्य से अधिक होती है, तो उपायुक्त की अध्यक्षता में गठित समिति द्वारा ड्रॉ ऑफ लॉट्स के माध्यम से लाभार्थियों का चयन किया जाएगा। उन्होंने किसानों का आह्वान किया कि वे समय रहते आवेदन कर योजना का अधिकतम लाभ उठाएं।
अधिक जानकारी के लिए किसान विभागीय वेबसाइट, सहायक कृषि अभियंता कार्यालय रोहतक अथवा अपने संबंधित खंड कृषि अधिकारी/कृषि विकास अधिकारी से संपर्क कर सकते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि जिन कृषि यंत्र निर्माताओं की मशीनें भारत सरकार द्वारा अधिकृत टेस्टिंग सेंटर्स से परीक्षणित हैं और जो कृषि विभाग हरियाणा की सब्सिडी योजनाओं के तहत अपने यंत्र देना चाहते हैं, वे कृषि एवं किसान कल्याण विभाग हरियाणा, पंचकूला की वेबसाइट पर अपना पंजीकरण अवश्य करवाएं।
