Haryana: हरियाणा में बनेंगे 59 नए फायर स्टेशन, 200 करोड़ रुपये होंगे खर्च
केंद्र के मानकों के अनुसार की गई नई मैपिंग
गृह मंत्रालय द्वारा वर्ष 2006 में तय किए गए मानकों के अनुसार शहरी क्षेत्रों में हर 10 वर्ग किलोमीटर और ग्रामीण क्षेत्रों में हर 50 वर्ग किलोमीटर में एक फायर स्टेशन होना जरूरी है। इन्हीं मानकों को ध्यान में रखते हुए फायर एंड इमरजेंसी सर्विस के महानिदेशक ने सभी उपायुक्तों और नगर निगम आयुक्तों को पत्र भेजकर नए फायर स्टेशनों को लेकर विस्तृत रिपोर्ट मांगी थी।
सरकार का मानना है कि नए फायर स्टेशन खुलने से आपात स्थितियों में रिस्पॉन्स टाइम कम होगा और जन-धन की सुरक्षा को बेहतर बनाया जा सकेगा।
हरियाणा में फिलहाल सिर्फ 109 फायर स्टेशन
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, हर साल फसल कटाई के मौसम में राज्य में 2,000 एकड़ से अधिक फसल आग की चपेट में आ जाती है, जिससे किसानों को करोड़ों रुपये का नुकसान होता है। वर्तमान में हरियाणा में केवल 109 फायर स्टेशन कार्यरत हैं, जो राज्य की बढ़ती आबादी और औद्योगिक विस्तार के लिहाज से नाकाफी साबित हो रहे हैं। इसी कमी को दूर करने के लिए नए फायर स्टेशनों का नेटवर्क तैयार किया जा रहा है।
गुरुग्राम में सबसे ज्यादा 10 फायर स्टेशन
जिलावार योजना के अनुसार गुरुग्राम में सबसे अधिक 10 नए फायर स्टेशन खोले जाएंगे। वहीं करनाल जिले में कोई नया फायर स्टेशन प्रस्तावित नहीं है, हालांकि वहां मौजूदा फायर स्टेशनों को अत्याधुनिक उपकरण और संसाधन उपलब्ध कराने की योजना है। सरकार का कहना है कि फायर स्टेशनों का वितरण जोखिम, आबादी और मौजूदा इंफ्रास्ट्रक्चर के आधार पर किया गया है।
इन जिलों में खुलेंगे नए फायर स्टेशन
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गुरुग्राम – 10
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झज्जर – 6
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पानीपत – 6
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पंचकूला – 5
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फरीदाबाद – 4
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जींद – 3
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रोहतक – 3
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अंबाला – 2
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हिसार – 2
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भिवानी – 2
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रेवाड़ी – 2
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नूंह – 2
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सिरसा – 2
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यमुनानगर – 2
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चरखी दादरी – 1
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फतेहाबाद – 1
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सोनीपत – 1
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कुरुक्षेत्र – 1
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पलवल – 1
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कैथल – 1
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महेंद्रगढ़ – 1
