गाय की सुरक्षा को लेकर मस्जिद में उठे हाथ, राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग तेज
फरीदाबाद: हरियाणा के फरीदाबाद जिले के इलाकों में बकरीद का त्योहार बड़ी शांति और आपसी सौहार्द के साथ मनाया गया। सुबह की नमाज पढ़ने के मस्जिदों में भारी भीड़ उमड़ी। एक साथ नमाज पढ़ने के बाद लोगों ने एक दूसरे को बधाई दी। नमाजियों ने ईद-उल-अजहा पर देश में अमन-शांति और तरक्की की दुआ मांगी। इसके साथ ही गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की बड़ी मांग की गई।
सुबह 7 बजे शहर की मस्जिदों में खूब रौनक देखने को मिली। ऊंचा गांव, एनआईटी, ओल्ड फरीदाबाद, सेक्टर-56, जवाहर कॉलोनी, तिलपत और बल्लभगढ़ स्थित विभिन्न मस्जिदों में नमाज के बाद लोगों ने एक दूसरे को लगे लगाकर बधाई दी। कई स्थानों पर स्वयंसेवकों ने भी लोगों की सुविधा के लिए व्यवस्था संभाली। ईद के मौके पर बच्चों में विशेष उत्साह देखने को मिला। बच्चे रंग-बिरंगे नए कपड़ों में बेहद आकर्षक दिखाई दिए। वहीं, बच्चों को बड़ों की ओर से ईदी के रूप में उपहार और मिठाइयां दी गईं। घरों में महिलाओं ने सेवइयां और अन्य पारंपरिक व्यंजन तैयार किए थे। त्योहार के अवसर पर बाजारों में खास रौनक देखने को मिली।
गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग
ऊंचा गांव में स्थित जामा मस्जिद के इमाम मौलाना जमालुद्दीन ने बताया कि नमाज पढ़ने के बाद मुस्लिम समुदाय के लोगों ने एकसाथ एकत्रित होकर गोवंश के लिए आवाज उठाई। उन्होंने केंद्र सरकार से गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग की। साथ ही पूरे देश से बूचड़खानों को बंद करने की भी मांग की है।
गोवंश के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाने और इसकी शिकायत पुलिस में देने को लेकर भी नमाजियों को शपथ दिलाई गई। इस दौरान मुख्य रूप से शेर खान मस्जिद कमेटी के प्रधान, बाबू खान सिद्धिकी, महमूद खान, मास्टर सुनील अधाना, डॉ. श्यामवीर सहित अन्य मौजूद रहे।
