सहकारिता एवं जेल मंत्री ने संत रविदास मंदिर भवन निर्माण के लिए 5 लाख रुपये देने की घोषणा की

 

 

संत शिरोमणि गुरु रविदास जी की शिक्षाएं सदियों से कर रही मानवता का मार्गदर्शन : डॉ. अरविंद शर्मा

 

चंडीगढ़, 26 अगस्त— हरियाणा के सहकारिता एवं जेल मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने कहा कि संत शिरोमणि गुरु रविदास जी की शिक्षाएं समाज में समानताभाईचारे और मानवता की भावना को मजबूत करने की प्रेरणा देती हैं। इसी कड़ी में चरखी दादरी में सहकारिता मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा और विधायक सुनील सतपाल सांगवान की अगुवाई में भव्य पवित्र कलश यात्रा निकाली गई जो हीरा चौक से शुरू होकर संत रविदास मंदिर तक पहुंची। इस अवसर पर सहकारिता मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने विधायक के अनुरोध पर संत रविदास मंदिर के भवन निर्माण के लिए 5 लाख रुपये की राशि देने की भी घोषणा की।

 

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सहकारिता मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने कहा कि संत शिरोमणि  गुरु रविदास जी की शिक्षाएं सदियों से मानवता को सही दिशा दिखा रही हैं। उन्होंने एक ऐसे समाज की कल्पना की थी जहाँ दुखअन्याय और भेदभाव का कोई स्थान न हो। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में सरकार इसी समरसता और 'अंत्योदयकी भावना के साथ कार्य कर रही है।

 

उन्होंने बताया कि गुरु रविदास जी के विचारों के प्रसार हेतु कुरुक्षेत्र के उमरी में 5 एकड़ भूमि पर लगभग 124 करोड़ रुपये की लागत से भव्य 'गुरु रविदास धामका निर्माण करवाया जा रहा हैजिसका टेंडर हो चुका है और शीघ्र ही निर्माण कार्य शुरू होगा। इस धाम में 125 फीट ऊंची भव्य प्रतिमा भी स्थापित की जाएगी। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में गुरु रविदास जी की 650वीं जयंती के उपलक्ष्य में देशभर में समरसता संकल्प अभियान’ के तहत यह कलश यात्रा निकाली जा रही हैजो गांव-गांव और घर-घर तक सामाजिक समरसता और राष्ट्रीय एकता का संदेश पहुंचा रही है।

 

चरखी दादरी विधायक सुनील सतपाल सांगवान ने कहा कि हरियाणा सरकार गुरु रविदास जी की वाणी के अनुरूप समाज के सभी वर्गों के कल्याण के लिए समान रूप से कार्य कर रही है। राज्य में प्रतिभाशाली युवाओं को पारदर्शी माहौल देने के लिए बिना खर्ची-बिना पर्ची’ की नीति लागू की गई हैजिसके तहत युवाओं को योग्यता के आधार पर सरकारी नौकरियां दी गई हैं। उन्होंने कहा कि अनुसूचित जाति समाज के अधिकारों के संरक्षण के लिए 'हरियाणा राज्य अनुसूचित जाति आयोगका गठन किया गया है। उन्होंने आमजन से संतों और महापुरुषों के विचारों को अपनाकर समाज में भाईचारा और सद्भाव मजबूत करने का आह्वान भी किया।