प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत फसल कटाई प्रयोगों का निरीक्षण
रोहतक, 14 अप्रैल। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत उपायुक्त सचिन गुप्ता व कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के निदेशक के मार्गदर्शन में जिला रोहतक में फसल कटाई प्रयोगों का कार्य सुचारू रूप से किया जा रहा है। इसी कड़ी में कृषि उप निदेशक डॉ सुरेंद्र मलिक द्वारा फील्ड स्टाफ की ड्यूटी लगाई गई है।
निदेशालय पंचकूला के निर्देशानुसार संयुक्त निदेशक ओमप्रकाश गोदारा दो दिवसीय दौरे पर जिला रोहतक पहुंचे और फसल कटाई प्रयोगों का निरीक्षण किया। उन्होंने सभी फील्ड में कार्यरत कर्मचारियों को निर्देश दिए कि वे फसल कटाई प्रयोगों को गंभीरता व सावधानीपूर्वक संपन्न करें, ताकि आंकड़ों में पूर्ण शुद्धता सुनिश्चित हो सके। निरीक्षण के दौरान श्री गोदारा ने ब्लॉक सांपला के गांव खेड़ी साध व कारोर तथा ब्लॉक रोहतक के गांव करौंथा का दौरा किया। उन्होंने मौके पर 5 बाई 5 मीटर क्षेत्र में फसल कटाई प्रयोग करवा कर उत्पादकता का आकलन भी किया।
ओम प्रकाश गोदारा ने कहा कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत रबी सीजन में गेहूं, सरसों, जौ और चना फसलों के लिए प्रत्येक गांव में प्रत्येक बीमित फसल पर चार-चार फसल कटाई प्रयोग किए जाना अनिवार्य है। गेहूं व सरसों फसल में स्मार्ट सैंपलिंग के आधार पर तथा अन्य फसलों में रेंडम नंबर प्रणाली के आधार पर खेतों का चयन किया जाता है, जिसमें पटवारी की सहायता ली जाती है।
फसल कटाई प्रयोग के दौरान कृषि विभाग के अधिकारी/कर्मचारी, बीमा कंपनी के प्रतिनिधि तथा संबंधित किसान की उपस्थिति में औसत पैदावार का आकलन किया जाता है। गांव स्तर पर आंकड़े एकत्रित कर ब्लॉक एवं जिला स्तर पर संकलित कर निदेशालय पंचकूला को भेजे जाते हैं, जिसके आधार पर किसानों के मुआवजे का निर्धारण किया जाता है। उन्होंने कहा कि सभी फसल कटाई प्रयोग मोबाइल ऐप के माध्यम से ऑनलाइन दर्ज किए जाना अनिवार्य है, ताकि मौके पर ही डेटा अपलोड किया जा सके और पारदर्शिता बनी रहे।
इस दौरान कृषि विभाग से सहायक सांख्यिकी अधिकारी विनोद हुड्डा, बीमा कंपनी के प्रतिनिधि सचिन मिश्रा, सांख्यिकी सहायक मंजू तथा गांव करौंथा के किसान मनजीत भी उपस्थित रहे।
