रिश्वत मांगते इंस्पेक्टर का Video वायरल; विभाग ने किया सस्पेंड, हर महीने माँगता था पैसे
Punjab News: पंजाब के गुरदासपुर जिले से बड़ी खबर सामने आ रही है। गुरदासपुर जिले के बटाला से ट्रैफिक पुलिस के इंचार्ज इंस्पेक्टर सतिंदर कुमार का एक कथित Video सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जानकारी के मुताबिक, इस Video में वह एक कारोबारी से हर महीने 5 हजार रुपए देने की मांग करते हुए नजर आ रहे हैं। Video सामने आने के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया और तुरंत इंस्पेक्टर को सस्पेंड कर दिया गया।
मिली जानकारी के अनुसार, Video में इंस्पेक्टर कहते सुनाई दे रहे हैं कि “अब यह महीना पूरा हो गया है, अब हर महीने 5 हजार रुपए हमें दे दिया करो, ज्यादा नहीं मांगेंगे। फिर तुम जो मर्जी करना, दिन में करो या रात में, तुम्हें कोई नहीं पूछेगा।” Punjab News
इंस्पेक्टर सस्पेंड
जानकारी के मुताबिक, DSP टीपी सिंह ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि Video की जानकारी मिलते ही इंस्पेक्टर सतिंदर कुमार को सस्पेंड कर पुलिस लाइन बटाला भेज दिया गया है। साथ ही उनके खिलाफ विभागीय जांच शुरू कर दी गई है। इस जांच की जिम्मेदारी SP (डी) को सौंपी गई है, जिन्हें 15 दिनों के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
पुलिस अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, यह Video शनिवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जबकि पुलिस को इसकी जानकारी देर शाम मिली। रात करीब 8 से 9 बजे के बीच बटाला पुलिस ने अपने आधिकारिक फेसबुक पेज पर इस मामले में की गई कार्रवाई की जानकारी साझा की। Punjab News
जानकारी के मुताबिक, इसके बाद से इंस्पेक्टर सतिंदर कुमार का फोन बंद बताया जा रहा है और उनसे संपर्क नहीं हो पा रहा है। बताया जा रहा है कि इंस्पेक्टर सतिंदर कुमार को करीब डेढ़ महीने पहले ही बटाला में ट्रैफिक इंचार्ज के पद पर तैनात किया गया था।
जांच जारी
मिली जानकारी के अनुसार, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह Video कब और किसने बनाया, लेकिन इसके वायरल होते ही मामला तूल पकड़ गया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही सच्चाई सामने आएगी और उसी आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। Punjab News
जानकारी के मुताबिक, गौरतलब है कि इससे पहले भी बटाला ट्रैफिक विभाग चर्चा में आ चुका है। एक प्री-वेडिंग शूट के दौरान ट्रैफिक पुलिसकर्मियों द्वारा Video बनाने का मामला सामने आया था, जिसके बाद संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की गई थी। फिलहाल, इस ताजा मामले में विभागीय जांच जारी है और सभी की नजरें आने वाली रिपोर्ट पर टिकी हुई।
