New Expressway : केंद्र सरकार के सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी लोगों को बेहतर यतायात सुविधा देने के लिए लगातार एक्सप्रेसवे, हाईवे और सड़कों का निर्माण कर रहे है। लोगों को बेहतर रोड सुविधा देने के लिए सरकार द्वारा ये प्रयास किये जा रहे हैं। इसी बीच मध्यप्रदेश के ग्वालियर को UP के आगरा से जोड़ने के लिए 88 किलोमीटर लंबा ग्रीन फील्ड एक्सप्रेसवे बनाया जाएगा।
इस साल निर्माण होगा शुरू
जानकारी के अनुसार इस एक्सप्रेसवे के निर्माण के लिए आगरा, धौलपुर और मुरैना में भूमि अधिग्रहण का काम पूरा हो चुका है। NHAI ने उत्तर प्रदेश, मध्यप्रदेश और राजस्थान में बनने वाले इस 88.400 किलोमीटर लंबे ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे के निर्माण का ठेका उदयपुर की एक कंपनी को दिया है। कंपनी इस साल नवंबर में एक्सप्रेसवे का निर्माण शुरू कर देगी। उम्मीद है कि 2028 में यह एक्सप्रेसवे बनकर तैयार हो जाएगा.
एक्सप्रेसवे के निर्माण पर इतने करोड़ होंगे खर्च
धौलपुर-आगरा एक्सप्रेसवे के निर्माण पर 4612.65 करोड़ रुपये खर्च होंगे। सिक्स लेन ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे में मध्यप्रदेश के चार जिले शामिल हैं. एक्सप्रेसवे के लिए यूपी के 14, राजस्थान के 18 और मध्य प्रदेश के 30 गांवों की जमीन का अधिग्रहण किया गया है। ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस-वे प्रोजेक्ट के साथ कंपनी को ग्वालियर से धौलपुर होकर आगरा जाने वाले नेशनल हाइवे 44 की मरमत कार्य भी करनी होगी।
जानें क्या और कहां बनेगा
इस एक्सप्रेसवे में 8 बड़े पुल, 23 छोटे-छोटे पुल, छह फ्लाई ओवर, पांच एलिवेटेड वायडक्ट, एक रेल ओवरब्रिज और 42 अंडरपास बनाए जाएंगे. इस एक्सप्रेसवे पर गति सीमा 100 किलोमीटर प्रतिघंटा हो सकती है. जीपीएस आधारित टोल सिस्टम व एडवांस ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम भी इस पर लगाया जाएगा.
जानें क्या रहेगा रूट
एक्सप्रेसवे को आगरा आउटर रिंग रोड से ग्वालियर के बाईपास तक 65 गांव से होकर निकाला जाएगा। धौलपुर मुख्यालय से 20 किलोमीटर दूर मरैना राजाखेड़ा के बीच से होकर निकलेगा. यह एक्सप्रेस में पूरी तरह से एक्ससेस कंट्रोल होगा। इसके लिए एक्सप्रेस वे पर चढ़ने उतरने के लिए मुरैना धौलपुर आगरा में चार से पांच लूप दिए जाएंगे। अधिकारियों के लूप मुताबिक 20 से 25 किलोमीटर पर एक लूप होगा, जिसमें मुरैना NH- 552 पर एक लूप दिया जाएगा। वहीं धौलपुर में राजाखेड़ा रोड पर लूप दिया जाएगा।