Haryana News: हरियाणा में महिला ASI समेत तीन पुलिस वाले सस्पेंड, SP ने इस वजह से लिया बड़ा एक्शन

 
Haryana News: हरियाणा में महिला ASI समेत तीन पुलिस वाले सस्पेंड, SP ने इस वजह से लिया बड़ा एक्शन
Haryana News: हरियाणा के यमुनानगर जिले से बड़ी खबर आ रही है। यहां छेड़छाड़ और मारपीट की शिकायत करने गई नाबालिग और उसके पिता ने पुलिस कर्मियों पर गंभीर आरोप लगाए है। जिसके बाद तीन पुलिस वालों को सस्पेंड कर दिया गया है। जानकारी के मुताबिक, यह मामला फर्कपुर थाने का है। नाबालिग के पिता का आरोप है कि पड़ोस में रहने वाले युवक ने उनकी बेटी से छेड़छाड़ की और विरोध करने पर मारपीट की। जब इसकी शिकायत थाना फर्कपुर में करने पहुंचे तो महिला ASI पोना देवी, ASI अशोक कुमार और हेड कांस्टेबल ममता ने उन्हें ही झूठा बताकर ड्राफ्ट बदलवा दिया और जब उन्होंने विरोध किया तो पुलिस वालों ने उनके साथ मारपीट की।

SP ने तीनों को किया सस्पेंड

जब इस मामले की शिकायत SP सुरेंद्र सिंह भोरिया तक पहुंची तो तीनों पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया है। वहीं पॉक्सो एक्ट में केस दर्ज कर आरोपी कैलाश को भी अरेस्ट कर लिया गया है।

पुलिस वालों ने तीन बार बदलवाया ड्राफ

खबरों की मानें, तो यह घटना मंगलवार दोपहर करीब 12 बजे की बताई जा रही है। नाबालिग के पिता का कहना है कि परिवार की गैरमौजूदगी में उनकी 17 साल की बेटी के साथ कैलाश ने घर में घुसकर छेड़छाड़ और मारपीट की। जब वह शिकायत करने के लिए थाना फर्कपुर पहुंचे, तो वहां महिला एएसआई सोना देवी, एएसआई अशोक कुमार और महिला हेड कांस्टेबल ममता रानी ने कार्रवाई करने की बजाय उल्टा उन्हें ही झूठा बता दिया। पुलिस ने शिकायत को झूठा बताते हुए तीन बार ड्राफ्ट को बदलवाया। आरोप है कि जब पीड़ित के पिता ने विरोध किया तो थाने के ही एक कमरे में बंद कर डंडों से पीटा गया। इस दौरान नाबालिग ने शोर मचाकर पुलिस कर्मियों को रोकने की कोशिश की तो उसे भी थप्पड़ मारे।

एसीपी ने जांच के बाद तीनों को किया सस्पेंड

खबरों की मानें, तो नाबालिग के पिता का आरोप है कि आरोपी को थाने में बैठाकर चाय-पानी दी गई और उसकी पूरी सेवा की गई। उन पर समझौते के लिए दबाव बनाया गया। शाम करीब 7 बजे नाबालिग और उसका पिता थाने से बाहर निकले तो सीधे SP के पास पहुंचे। वहां पूरी घटना की जानकारी दी। SP सुरेंद्र सिंह भोरिया ने थाने में पूछा तो आनन-फानन में FIR बदलते हुए पॉक्सो एक्ट की धारा भी लगा दी। SP ने इस पूरे मामले की जांच कराई। जांच में आरोपी सही निकले। जिसके बाद तीनों को सस्पेंड कर दिया गया है।