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जीपीएस रोवर से होंगे भूमि पैमाइश और निशादेही संबंधी कार्य : डीसी

 डीसी स्वप्निल रविन्द्र पाटिल ने गांव सिकंदरपुर में जीपीएस रोवर ट्रेनिंग का किया निरीक्षण
जमीनों की डिजिटल पैमाइश  वर्तमान समय की जरूरत

 

झज्जर, 10 अप्रैल। उपायुक्त स्वप्निल रविन्द्र पाटिल ने शुक्रवार को नजदीकी गांव सिकंदरपुर में आयोजित जीपीएस रोवर प्रशिक्षण कार्यक्रम का निरीक्षण किया और राजस्व विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों को प्रशिक्षण में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया। इस दौरान उन्होंने ट्रेनर्स से जीपीएस रोवर के माध्यम से जमीन की पैमाइश की प्रक्रिया की विस्तार से जानकारी ली और आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।

डीसी स्वप्निल रविन्द्र पाटिल ने कहा कि तहसीलदार, नायब तहसीलदार, कानूनगो और पटवारियों के लिए यह प्रशिक्षण बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि भविष्य में जमीन से जुड़े सभी मापन कार्य जीपीएस रोवर तकनीक से ही किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा जमीन की पैमाइश को डिजिटल स्वरूप देने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण पहल है, जिससे न केवल कार्य में तेजी आएगी बल्कि पारदर्शिता भी सुनिश्चित होगी।

उन्होंने कहा कि पारंपरिक मैनुअल पैमाइश की तुलना में जीपीएस रोवर से की गई पैमाइश अधिक सटीक और विश्वसनीय होती है। इससे जमीन की निशानदेही, सीमांकन और अन्य संबंधित कार्य अधिक सरल और प्रभावी ढंग से पूरे किए जा सकेंगे।

इस बीच सर्वे ऑफ इंडिया चंडीगढ़ के आफिसर सर्वेयर राहुल वर्मा ने बताया कि झज्जर जिले में यह प्रशिक्षण कार्यक्रम 11 अप्रैल तक जारी रहेगा। उन्होंने आश्वस्त किया कि प्रशिक्षण के दौरान यदि किसी अधिकारी या कर्मचारी को जीपीएस रोवर के उपयोग में कोई समस्या आती है, तो उसका तुरंत समाधान किया जाएगा।
कार्यक्रम के दौरान तहसीलदार बहादुरगढ़ सुदेश महरा, नायब तहसीलदार बेरी सुरेंद्र शर्मा, नायब तहसीलदार प्रवीण कुमार,प्रदीप खत्री,संजय कुमार सहित राजस्व विभाग के अन्य अधिकारी व कर्मचारी भी उपस्थित रहे।