झज्जर जिला में 11 मई से चलेगा एफएमडी-एचएस टीकाकरण अभियान
May 11, 2026, 00:08 IST
झज्जर ,10 मई। जिलाभर में डीसी स्वप्निल रविन्द्र पाटिल के दिशा निर्देश अनुसार पशुपालन एवं डेयरी विभाग द्वारा 11 मई से पशुधन को मुंहखुर व गलघोंटू से सुरक्षित रखने के लिए मुँहपका-खुरपका (एफएमडी) और गलघोंटू (एचएस) संयुक्त टीकाकरण अभियान चलाया जाएगा।
इस अभियान के माध्यम से जिले के हजारों पशुपालकों के घर-द्वार तक पहुँचकर पशुओं को निःशुल्क टीकाकरण करके सुरक्षा कवच प्रदान किया जाएगा। यह जानकारी पशुपालन एवं डेयरी विभाग के उपनिदेशक डॉ मनीष डबास ने दी।
उन्होंने बताया कि विभाग ने अभियान के सफल क्रियान्वयन के लिए विस्तृत रूपरेखा तैयार की है, जिसके अंतर्गत लगभग दो लाख से अधिक पशुओं के टीकाकरण का अनुमान है, जिसमें करीब 50 हजार गायें और 1 लाख 50 हजार भैंसें शामिल होंगी।
उन्होंने बताया कि अभियान के दौरान नए पशुओं की टैगिंग की जाएगी ताकि उन्हें 'भारत पशुधन पोर्टल' से जोड़ा जा सके।
उपनिदेशक डॉ मनीष डबास ने बताया कि इस अभियान को सुचारू रूप से चलाने के लिए विभाग द्वारा लगभग 2 लाख से अधिक वैक्सीन डोज जिले के सभी पशु चिकित्सालय में वितरित कर दी गई हैं।
पशुपालन विभाग "विभाग की टीमें 11 मई सोमवार से जिला के गांवों में टीकाकरण अभियान शुरू करेंगी।
इस बार विभाग द्वारा यह सुनिश्चित किया जाएगा कि टीकाकरण की प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल हो और प्रत्येक टीकाकरण की जानकारी पोर्टल पर दर्ज की जाए, जिसके लिए किसान के पास ओटीपी आयेगा ताकि टीकाकरण सत्यापित हो सके। जिले के सभी अस्पतालों में टीकाकरण टीमों का गठन किया गया है, जो निर्धारित समय सीमा के भीतर इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए कार्य करेंगी। "हमारा लक्ष्य झज्जर जिले के हर एक पशु को इन दो खतरनाक बीमारियों से बचाना है।
उन्होंने सभी पशुपालकों से अनुरोध किया है की वे अपने पशुओं को इस टीकाकरण का लाभ दिलवाएं चूंकि सुरक्षित पशुधन ही किसान को समृद्धि प्रदान करेगा।
उन्होंने पशुपालकों से अनुरोध किया कि वे अपने पशुओं का टीकाकरण करवाकर इस अभियान को सफल बनाने में अपना योगदान दें।
इस अभियान के माध्यम से जिले के हजारों पशुपालकों के घर-द्वार तक पहुँचकर पशुओं को निःशुल्क टीकाकरण करके सुरक्षा कवच प्रदान किया जाएगा। यह जानकारी पशुपालन एवं डेयरी विभाग के उपनिदेशक डॉ मनीष डबास ने दी।
उन्होंने बताया कि विभाग ने अभियान के सफल क्रियान्वयन के लिए विस्तृत रूपरेखा तैयार की है, जिसके अंतर्गत लगभग दो लाख से अधिक पशुओं के टीकाकरण का अनुमान है, जिसमें करीब 50 हजार गायें और 1 लाख 50 हजार भैंसें शामिल होंगी।
उन्होंने बताया कि अभियान के दौरान नए पशुओं की टैगिंग की जाएगी ताकि उन्हें 'भारत पशुधन पोर्टल' से जोड़ा जा सके।
उपनिदेशक डॉ मनीष डबास ने बताया कि इस अभियान को सुचारू रूप से चलाने के लिए विभाग द्वारा लगभग 2 लाख से अधिक वैक्सीन डोज जिले के सभी पशु चिकित्सालय में वितरित कर दी गई हैं।
पशुपालन विभाग "विभाग की टीमें 11 मई सोमवार से जिला के गांवों में टीकाकरण अभियान शुरू करेंगी।
इस बार विभाग द्वारा यह सुनिश्चित किया जाएगा कि टीकाकरण की प्रक्रिया पूरी तरह डिजिटल हो और प्रत्येक टीकाकरण की जानकारी पोर्टल पर दर्ज की जाए, जिसके लिए किसान के पास ओटीपी आयेगा ताकि टीकाकरण सत्यापित हो सके। जिले के सभी अस्पतालों में टीकाकरण टीमों का गठन किया गया है, जो निर्धारित समय सीमा के भीतर इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए कार्य करेंगी। "हमारा लक्ष्य झज्जर जिले के हर एक पशु को इन दो खतरनाक बीमारियों से बचाना है।
उन्होंने सभी पशुपालकों से अनुरोध किया है की वे अपने पशुओं को इस टीकाकरण का लाभ दिलवाएं चूंकि सुरक्षित पशुधन ही किसान को समृद्धि प्रदान करेगा।
उन्होंने पशुपालकों से अनुरोध किया कि वे अपने पशुओं का टीकाकरण करवाकर इस अभियान को सफल बनाने में अपना योगदान दें।