Haryana : हरियाणा सरकार ने रूसी कंपनियों को दिया न्योता, औद्योगिक सहयोग पर जोर
बैठक में दोनों पक्षों के बीच द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत करने के अवसरों पर विस्तार से चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने हरियाणा की औद्योगिक क्षमता, संसाधनों और विशेष रूप से कृषि, ऑटोमोबाइल और विनिर्माण क्षेत्रों की संभावनाओं से रूसी प्रतिनिधिमंडल को अवगत कराया। उन्होंने कहा कि हरियाणा वस्त्र और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में रूस के बाजार की मांगों को पूरा करने की क्षमता रखता है।
दोनों पक्षों ने व्यापार को सुगम बनाने, लॉजिस्टिक चुनौतियों को कम करने, बाजार पहुंच बढ़ाने और निर्यात-उन्मुख निवेश को प्रोत्साहित करने पर विचार-विमर्श किया। हरियाणा से रूस को निर्यात बढ़ाने की संभावनाओं पर भी मंथन हुआ।
CM ने आईटी, ऑटोमोबाइल और अन्य उभरते क्षेत्रों में साझेदारी के जरिए अंतरराष्ट्रीय सहयोग को मजबूत करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने राज्य के नवाचार और स्टार्टअप इकोसिस्टम का उल्लेख करते हुए रूसी कंपनियों को इसमें भागीदारी के लिए आमंत्रित किया। बैठक में श्रम प्रवासन और वर्कफोर्स मोबिलिटी, शैक्षणिक आदान-प्रदान, छात्र गतिशीलता कार्यक्रम, विश्वविद्यालयों और अनुसंधान संस्थानों के बीच साझेदारी, साथ ही खेल व सांस्कृतिक सहयोग को बढ़ाने पर भी चर्चा हुई।
रूसी राजदूत डेनिस अलीपोव ने हरियाणा के एमएसएमई सेक्टर की सराहना करते हुए इसे औद्योगिक विकास और रोजगार सृजन का अहम आधार बताया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के मुख्य प्रधान सचिव राजेश खुल्लर, विदेशी सहयोग विभाग के प्रधान सचिव अमनीत पी. कुमार और मुख्यमंत्री के सलाहकार पवन कुमार चौधरी सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।