SDPO के घर काम करने वाली पारो निकली करोड़पति, थार लेकर आती थी काम करने, नौकरानी की लग्जरी लाइफ ने उड़ाये सबके होश ?
जानकारी के मुताबिक, किशनगंज में इन दिनों एक ही नाम हर जुबान पर हैं, SDPO गौतम कुमार। वजह भी ऐसी कि हर नया खुलासा पिछले से ज्यादा चौंकाने वाला साबित हो रहा है। गौतम कुमार की काली कमाई का दायरा जितना खुल रहा है, उतना ही हैरान कर रहा है। EOU की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे इस काली कमाई की कहानी में नए-नए किरदार जुड़ते जा रहे हैं।
नौकरानी भी करोड़पति
मिली जानकारी के अनुसार, अब तक पत्नी और कथित प्रेमिका के नाम पर करोड़ों की संपत्ति की बात हो रही थी। ताजा खुलासे ने इस मामले को और भी चौंकानेवाला बना दिया है। अब घर की नौकरानी भी करोड़पति निकली। ताजा खुलासे के मुताबिक पारो नाम की नौकरानी, जो SDPO के घर काम करती थी, खुद लग्जरी लाइफ जीती रही है। बताया जा रहा है कि वो थार गाड़ी से घरेलू काम करने आती थी। इतना ही नहीं, उसके पास रॉयल एनफील्ड बुलेट बाइक भी है, जो कथित तौर पर उसे 'गिफ्ट' में मिली थी। Bihar Kishanganj SDPO
एक आम घरेलू कामगार (नौकरानी) की जिंदगी और ये शाही ठाट जांच एजेंसियों को सबसे ज्यादा चौंका रहा है। ताजा खुलासे के बाद नौकरानी पारो अपने परिवार के साथ फरार बताई जा रही है।
जानकारी के मुताबिक, जांच एजेंसियां अब उसके बैंक खातों, संपत्ति और निवेश की भी बारीकी से पड़ताल कर रही है। एक अधिकारी (SDPO) और उसके आसपास के हर करीबी के करोड़पति होने की कहानी अब सिर्फ भ्रष्टाचार का मामला नहीं, बल्कि एक पूरे सिस्टम की कहानी बनती जा रही है। जांच एजेंसियों का कहना है कि ये कहानी अभी खत्म नहीं हुई है, असली परतें अभी बाकी है। Bihar Kishanganj SDPO
कार-बुलेट के अलावा बंगला
मिली जानकारी के अनुसार, पारो की लाइफस्टाइल का सच सोशल मीडिया पर भी झलकता है। सामने आए फोटो और वीडियो में वो कभी बुलेट के साथ, कभी कैश के साथ तो कभी SDPO गौतम कुमार और उनके करीबी लोगों के साथ नजर आती है। एक वीडियो में उसके हाथ में लाखों रुपए कैश दिख रहा है, तो एक तस्वीर में वो झंडोत्तोलन कार्यक्रम में अधिकारी के साथ खड़ी दिखाई देती है।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक पश्चिम बंगाल के सीमावर्ती इलाके में उसके नाम पर एक आलीशान बंगला भी है। इसकी कीमत करोड़ों में बताई जा रही है। इस केस की सबसे दिलचस्प और चौकाने वाली बात यही है कि SDPO से जुड़े हर करीबी शख्स के नाम पर करोड़ों की संपति सामने आ रही है। Bihar Kishanganj SDPO
जानकारी के मुताबिक, पत्नी रूबी कश्यप, जो सरकारी स्कूल में शिक्षिका है, उनके नाम पर आलीशान बंगला और महंगी गाड़ियां। कथित प्रेमिका के नाम पर भी भारी निवेश की बात सामने आई है।
आर्थिक अपराध इकाई (EOU) अब पारो की आय के स्रोतों की जांच कर रही है।
पत्नी और प्रेमिका के बाद अब नौकरानी का करोड़पति निकलना चर्चा का विषय है।
नहीं मिली पारो
मिली जानकारी के अनुसार, इस केस से जुड़े मामले की पड़ताल के लिए आर्थिक अपराध इकाई की एक टीम शनिवार को गौतम कुमार के घर काम करने वाली महिला के किशनगंज शहर के धर्मगंज स्थित किराए के आवास पर भी पहुंची थी। हालांकि, वो महिला अपने किराए के घर में नहीं थी। वहां ताला लगा था। इस संबंध में EOU की टीम ने भी किसी टिप्पणी से इंकार किया। आर्थिक अपराध इकाई की दूसरी टीम किशनगंज शहर के धर्मगंज में एक स्थान पर पहुंची थी। इसके अलावा तीसरी टीम जिला परिवहन कार्यालय भी पहुंची। Bihar Kishanganj SDPO
जानकारी के मुताबिक, आर्थिक अपराध इकाई की टीम ये जानकारी भी जुटा रही है कि पूर्व SDPO गौतम कुमार और उनके परिजनों के नाम पर कितनी गाड़ियां रजिस्टर्ड हैं। टीम जमीन की खरीद-बिक्री से जुड़े पहलुओं पर भी बारीकी से जांच कर रही है। आर्थिक अपराध इकाई की टीम अलग-अलग स्रोतों से जानकारी जुटा रही है ताकि पूर्व SDPO द्वारा अर्जित की गई कुल संपत्ति का सही आकलन किया जा सके।
SI से SDPO तक
मिली जानकारी के अनुसार, किशनगंज के पूर्व SDPO गौतम कुमार के खिलाफ आय से अधिक संपति मामले में आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने जांच की रफ्तार तेज कर दी है। छापेमारी के बाद अब जांच का दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है और हर दिन नई कड़ियों को जोड़ा जा रहा है। Bihar Kishanganj SDPO
शनिवार को EOU की टीम एक बार फिर किशनगंज पहुंची और पूरे मामले की गहराई से पड़ताल शुरू की। टीम ये पता लगाने में जुटी है कि गौतम कुमार और उनके परिवार के नाम पर कितनी गाड़ियां रजिस्टर्ड है? उनकी खरीद-बिक्री कैसे हुई? इन पर खर्च की गई रकम का सोर्स क्या है?
जानकारी के मुताबिक, गौतम कुमार ने 1994 में SI से पुलिस की नौकरी शुरू की। जो बाद में SDPO (DSP) तक पहुंचा। जांच एजेंसियों का दावा है कि गौतम कुमार ने अपने 32 साल के करियर में 100 करोड़ रुपए से ज्यादा की संपत्ति जुटाई। देश के कई शहरों में प्रॉपर्टी के सबूत मिले हैं, जिसकी जांच की जा रही है। Bihar Kishanganj SDPO
ठिकानों पर छापेमारी
मिली जानकारी के अनुसार, आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में आर्थिक अपराध इकाई की टीम ने गत 31 मार्च को किशनगंज के पूर्व SDPO गौतम कुमार के किशनगंज शहर के धर्मगंज चौक स्थित सरकारी आवास में छापेमारी की थी। यह कार्रवाई आर्थिक अपराध इकाई के ASP के नेतृत्व में की गई थी। इससे पहले आय से अधिक संपति अर्जित किए जाने के मामले में आर्थिक अपराध इकाई थाना कांड संख्या 3/26 के अंतर्गत 29 मार्च को किशनगंज के पूर्व SDPO गौतम कुमार के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
EOU की टीम दोबारा किशनगंज पहुंची और गाड़ियों की खरीद-बिक्री के स्रोतों की पड़ताल शुरू की।
32 साल में करीब 100 करोड़ से अधिक की संपत्ति जुटाने का दावा, कई शहरों में फैली है प्रॉपर्टी। Bihar Kishanganj SDPO
31 मार्च को किशनगंज और पूर्णिया सहित छह ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई थी।
छापेमारी के तुरंत बाद उन्हें पदमुक्त कर पुलिस मुख्यालय से अटैच कर दिया गया।
इनके खिलाफ 29 मार्च को EOU थाने में प्राथमिकी (कांड संख्या 3/26) दर्ज की गई थी। Bihar Kishanganj SDPO
जानकारी के मुताबिक, इसी कड़ी में 31 मार्च को गौतम कुमार के किशनगंज, पूर्णिया सहित कुल छह ठिकानों पर अलग-अलग टीमों द्वारा छापेमारी की कार्रवाई की गई थी। कार्रवाई के एक दिन बाद पूर्व SDPO गौतम कुमार को पद से हटाकर उन्हें पुलिस मुख्यालय से अटैच कर दिया गया था।